दिल्ली हाईकोर्ट को मिला नया कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश, जस्टिस नितिन साम्ब्रे संभालेंगे जिम्मेदारी
दिल्ली हाईकोर्ट को नया कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश मिल गया है। न्यायमूर्ति नितिन वासुदेव साम्ब्रे को दिल्ली हाईकोर्ट का कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया गया है।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: दिल्ली हाईकोर्ट को नया कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश मिल गया है। न्यायमूर्ति नितिन वासुदेव साम्ब्रे को दिल्ली हाईकोर्ट का कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया गया है। केंद्रीय कानून एवं न्याय मंत्रालय की ओर से यह नियुक्ति की गई है। जस्टिस साम्ब्रे यह जिम्मेदारी दिल्ली हाईकोर्ट के मौजूदा मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति देवेंद्र कुमार उपाध्याय के सुप्रीम कोर्ट में पदोन्नत होने के बाद संभालेंगे।
जस्टिस डीके उपाध्याय के बाद संभालेंगे जिम्मेदारी
दिल्ली हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति देवेंद्र कुमार उपाध्याय को सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश के तौर पर पदोन्नत किया गया है। उनके दिल्ली हाईकोर्ट से कार्यमुक्त होने के बाद न्यायमूर्ति नितिन वासुदेव साम्ब्रे कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश के तौर पर अदालत की जिम्मेदारी संभालेंगे। जस्टिस साम्ब्रे की नियुक्ति ऐसे समय हुई है, जब दिल्ली हाईकोर्ट में बड़ी संख्या में महत्वपूर्ण मामलों की सुनवाई चल रही है। ऐसे में कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश के तौर पर उनकी भूमिका प्रशासनिक और न्यायिक दोनों स्तरों पर महत्वपूर्ण होगी।
कौन हैं जस्टिस नितिन वासुदेव साम्ब्रे?
न्यायमूर्ति नितिन वासुदेव साम्ब्रे का जन्म 19 दिसंबर 1967 को नागपुर में हुआ था। उन्होंने नागपुर के यूनिवर्सिटी कॉलेज ऑफ लॉ से कानून की पढ़ाई पूरी की। वर्ष 1992 में उन्होंने अधिवक्ता के रूप में अपना नामांकन कराया और इसके बाद कानूनी क्षेत्र में अपना करियर शुरू किया। उनके शुरुआती कानूनी करियर का एक महत्वपूर्ण हिस्सा वरिष्ठ अधिवक्ता शरद ए. बोबडे के साथ जुड़ा रहा। शरद ए. बोबडे बाद में भारत के मुख्य न्यायाधीश भी रहे।
बॉम्बे हाईकोर्ट से शुरू हुआ न्यायिक सफर
जस्टिस साम्ब्रे ने अपने वकालत के शुरुआती वर्षों में बॉम्बे हाईकोर्ट की नागपुर पीठ में प्रैक्टिस की। वे हाईकोर्ट बार एसोसिएशन, नागपुर से भी जुड़े रहे और 2004 से 2007 के बीच इसके सचिव के रूप में कार्य किया। उनकी न्यायिक नियुक्ति के बाद उनके करियर का एक महत्वपूर्ण चरण बॉम्बे हाईकोर्ट में रहा। 6 जनवरी 2014 को उन्हें बॉम्बे हाईकोर्ट का न्यायाधीश नियुक्त किया गया था। इसके बाद उन्होंने बॉम्बे हाईकोर्ट में लंबे समय तक न्यायिक जिम्मेदारियां निभाईं।
जुलाई 2025 में दिल्ली हाईकोर्ट किया गया ट्रांसफर
जस्टिस नितिन वासुदेव साम्ब्रे को वर्ष 2025 में बॉम्बे हाईकोर्ट से दिल्ली हाईकोर्ट ट्रांसफर किया गया था। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने मई 2025 में उनके ट्रांसफर की सिफारिश की थी। बाद में केंद्र सरकार की मंजूरी के बाद उन्होंने दिल्ली हाईकोर्ट में न्यायाधीश के रूप में कार्यभार संभाला। दिल्ली हाईकोर्ट में उनके साथ कई अन्य न्यायाधीशों का भी विभिन्न हाईकोर्ट से ट्रांसफर किया गया था। इनमें जस्टिस वी. कामेश्वर राव, जस्टिस विवेक चौधरी, जस्टिस ओम प्रकाश शुक्ला, जस्टिस अनिल क्षेत्रपाल और जस्टिस अरुण कुमार मोंगा शामिल थे।
जस्टिस नितिन वासुदेव साम्ब्रे का दिल्ली हाईकोर्ट का कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश बनना उनके लंबे न्यायिक करियर में एक महत्वपूर्ण पड़ाव है। नागपुर से कानून की पढ़ाई, 1992 में वकालत की शुरुआत, बॉम्बे हाईकोर्ट में न्यायाधीश के रूप में लंबी सेवा और फिर दिल्ली हाईकोर्ट में स्थानांतरण के बाद अब उन्हें देश की राजधानी की हाईकोर्ट का कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश बनाया गया है। उनके कार्यकाल के दौरान दिल्ली हाईकोर्ट के न्यायिक और प्रशासनिक कामकाज पर सभी की नजर रहेगी।



