नीट यूजी एग्जाम से पहले व्हाट्सएप पर वायरल हुआ ‘पेपर’, 150 सवाल हूबहू आए

नीट परीक्षा 2026 को लेकर पेपर लीक का मामला लगातार गंभीर होता जा रहा है. राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) की जांच में चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं. राजस्थान पुलिस की एसओजी टीम की जांच में सामने आया है कि परीक्षा से पहले ही छात्रों तक बड़ी संख्या में सवाल पहुंच गए थे. जांच एजेंसी का दावा है कि 720 नंबर की परीक्षा में करीब 600 नंबर के सवाल पहले से कुछ छात्रों के पास मौजूद थे. अब एसओजी इस पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़कर मास्टरमाइंड तक पहुंचने की कोशिश कर रही है.
व्हाट्सएप के जरिए फैला कथित क्वेश्चन बैंक
एसओजी के अनुसार यह कथित गेस पेपर या क्वेश्चन बैंक व्हाट्सएप और दूसरे मैसेजिंग ऐप्स के जरिए शेयर किया गया. कई डॉक्यूमेंट्स में फॉरवर्डेड मेनी टाइम्स जैसी जानकारी भी मिली है. इससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि यह सामग्री बड़ी संख्या में छात्रों तक पहुंची थी. जांच में यह भी सामने आया कि गेस पेपर फोटोकॉपी की दुकान पर मिले थे.
300 से ज्यादा सवाल हुए वायरल
पुलिस जांच में पता चला है कि छात्रों को मिले डॉक्यूमेंट में फिजिक्स, केमिस्ट्री और बायोलॉजी के 300 से ज्यादा सवाल शामिल थे. ये सवाल हाथ से लिखे हुए बताए जा रहे हैं. जांच एजेंसियों के मुताबिक इनमें से करीब 150 सवाल सीधे नीट परीक्षा में पूछे गए. हर सवाल चार नंबर का होने के कारण कुल मिलाकर लगभग 600 नंबर के प्रश्न मैच हो गए.
सीकर और चूरू से जुड़े तार
सूत्रों के अनुसार यह क्वेश्चन बैंक सबसे पहले चूरू के एक युवक ने भेजा था जो फिलहाल केरल के एक मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहा है. बताया जा रहा है कि वहां से यह सामग्री सीकर के एक पीजी संचालक तक पहुंची और फिर छात्रों में बांट दी गई. बाद में यह कई अन्य छात्रों तक वायरल हो गई.
एसओजी की जांच तेज
एसओजी अब पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है. एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि यह सामग्री सबसे पहले किसने तैयार की और इसे फैलाने में कौन-कौन लोग शामिल थे. संदिग्धों के सोशल मीडिया चैट, कॉल लॉग और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच की जा रही है. माना जा रहा है कि जल्द ही इस मामले में बड़ा खुलासा हो सकता है.


