CCTV, बायोमेट्रिक और जैमर… NEET परीक्षा को लेकर भोपाल-इंदौर-जबलपुर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम
मध्य प्रदेश में 21 जून को होने वाली NEET-UG 2026 परीक्षा के लिए भोपाल, इंदौर, जबलपुर में व्यापक तैयारियां पूरी हैं.

4पीएम न्यूज नेटवर्क: मध्य प्रदेश में 21 जून को होने वाली NEET-UG 2026 परीक्षा के लिए भोपाल, इंदौर, जबलपुर में व्यापक तैयारियां पूरी हैं. 102 केंद्रों पर 46 हजार से अधिक परीक्षार्थी शामिल होंगे. प्रशासन ने पारदर्शी व नकलमुक्त परीक्षा सुनिश्चित करने के लिए कड़ी सुरक्षा, सीसीटीवी, बायोमेट्रिक, जैमर, विशेष बसें और अभिभावकों के लिए सुविधाएं मुहैया कराई हैं. यातायात प्रबंधन के लिए हेल्पलाइन भी जारी.
देशभर में 21 जून को आयोजित होने वाली NEET-UG 2026 परीक्षा को लेकर मध्यप्र देश के प्रमुख शहरों भोपाल, इंदौर और जबलपुर में प्रशासन ने व्यापक तैयारियां पूरी कर ली हैं. परीक्षा को पूरी तरह पारदर्शी, सुरक्षित और नकलमुक्त बनाने के लिए जिला प्रशासन, पुलिस, परिवहन विभाग और राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) संयुक्त रूप से व्यवस्थाओं में जुटे हुए हैं. राज्य के तीन बड़े परीक्षा केंद्र शहरों में कुल 102 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां करीब 46 हजार 500 से अधिक परीक्षार्थी शामिल होंगे.
भोपाल में परीक्षा के लिए 32 केंद्र बनाए गए हैं, जहां 13 हजार 20 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे. वहीं, इंदौर में 57 परीक्षा केंद्रों पर 23 हजार 89 छात्र परीक्षा में शामिल होंगे. जबलपुर में 23 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां 10 हजार 426 परीक्षार्थी परीक्षा देंगे. परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजकर 15 मिनट तक आयोजित होगी, जबकि परीक्षार्थियों की एंट्री सुबह 11 बजे से शुरू हो जाएगी. प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि दोपहर 1 बजे के बाद किसी भी अभ्यर्थी को परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं दिया जाएगा.
परीक्षा को लेकर सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए गए हैं. सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे, बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली और मोबाइल नेटवर्क जैमर लगाए गए हैं. ताकि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या कदाचार की संभावना को समाप्त किया जा सके. प्रश्नपत्रों की आवाजाही भी पूरी तरह सुरक्षित और निगरानी में रखी जाएगी. प्रशासनिक अधिकारियों और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को केंद्रों की निगरानी की जिम्मेदारी सौंपी गई है.
कूलर, पंखे और अस्थायी कैंटीन की सुविधा
इंदौर, भोपाल और रतलाम के बीच रेलवे द्वारा एक ट्रिप स्पेशल ट्रेन भी चलाई जा रही है, जिससे विभिन्न शहरों से भोपाल आने वाले परीक्षार्थियों को सुविधा मिल सके. इसके अलावा पहली बार कई स्थानों पर छात्रों को परीक्षा केंद्र तक पहुंचाने के लिए विशेष बस सेवाओं की व्यवस्था की गई है. परीक्षा केंद्रों के बाहर अभिभावकों के लिए शेड, बैठने की व्यवस्था, कूलर, पंखे और अस्थायी कैंटीन की सुविधा भी उपलब्ध कराई जा रही है.
जबलपुर में प्रशासन ने विशेष सतर्कता बरती है क्योंकि उसी दिन राष्ट्रपति का दौरा और कई वीवीआईपी कार्यक्रम भी प्रस्तावित हैं. डिप्टी कलेक्टर रघुवीर सिंह मरावी ने बताया कि शहर के 23 परीक्षा केंद्रों पर सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी कर ली गई हैं. पेयजल, मेडिकल सहायता, सीसीटीवी निगरानी और सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित किए गए हैं. उन्होंने बताया कि छह परीक्षा केंद्र ऐसे क्षेत्रों में स्थित हैं जहां वीवीआईपी मूवमेंट रहेगा. इसके बावजूद पुलिस और प्रशासन को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि परीक्षार्थियों और उनके अभिभावकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो.
दो-दो मेट्रो बसों की व्यवस्था
शहर से दूर स्थित तीन परीक्षा केंद्रों तक विद्यार्थियों को पहुंचाने के लिए दो-दो मेट्रो बसों की व्यवस्था की गई है. बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन पर भी सहायता केंद्र बनाए गए हैं, जहां से विद्यार्थियों को परीक्षा केंद्र तक पहुंचने में मदद मिलेगी. कलेक्टरेट में विशेष कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है और अधिकारियों के मोबाइल नंबर भी जारी किए जा रहे हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सहायता उपलब्ध कराई जा सके.
निष्पक्ष, पारदर्शी परीक्षा कराने पर जोर
भोपाल और इंदौर में भी ट्रैफिक प्रबंधन को लेकर विशेष एडवाइजरी जारी की गई है. विद्यार्थियों की सुविधा के लिए हेल्पलाइन और व्हाट्सएप नंबर जारी किए गए हैं. यदि कोई परीक्षार्थी ट्रैफिक में फंस जाता है तो वह डायल-112 पर संपर्क कर सहायता प्राप्त कर सकता है. कुल मिलाकर, मध्य प्रदेश में NEET-UG 2026 को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा, यातायात, परिवहन और परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए व्यापक तैयारियां की हैं. अधिकारियों का दावा है कि इस बार परीक्षा पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से संपन्न होगी तथा विद्यार्थियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी.



