अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने के लिए दिल्ली में जोरदार प्रदर्शन, कई लोग हिरासत में
कनॉट प्लेस के इनर व आउटर सर्किल में रविवार शाम सैकड़ों की संख्या में महिलाएं और छात्र संगठन सड़कों पर उतरे.

4पीएम न्यूज नेटवर्क: राजधानी दिल्ली के कनॉट प्लेस में रविवार को अंकिता भंडारी हत्याकांड में न्याय की मांग और चुनाव आयोग की विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया के विरोध में सैकड़ों महिलाओं और अन्य प्रदर्शनकारियों ने प्रदर्शन किया।
प्रदर्शन के दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी उठाई गई। हाथों में तिरंगा और मोमबत्तियां लेकर प्रदर्शनकारी शांतिपूर्ण मार्च निकाल रहे थे। हालांकि, दिल्ली पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक हुई। इसके बाद कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया गया।
रविवार को कनॉट प्लेस में आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिलाएं शामिल हुईं। प्रदर्शनकारियों ने अंकिता भंडारी हत्याकांड में न्याय दिलाने की मांग उठाई। उनके हाथों में तिरंगा और मोमबत्तियां थीं। प्रदर्शन के दौरान न्याय की मांग और संबंधित मुद्दों को लेकर आवाज उठाई गई।
प्रदर्शन में शामिल महिलाओं और अन्य लोगों का उद्देश्य अपनी मांगों को सामने रखना था। उन्होंने मार्च के जरिए अंकिता भंडारी मामले में न्याय की मांग की। इसके साथ ही चुनाव आयोग की विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR प्रक्रिया को लेकर भी विरोध जताया।
कनॉट प्लेस पर ‘तिरंगा और कैंडल मार्च’
कनॉट प्लेस के इनर व आउटर सर्किल में रविवार शाम सैकड़ों की संख्या में महिलाएं और छात्र संगठन सड़कों पर उतरे. प्रदर्शनकारियों के हाथों में तिरंगा, मोमबत्तियां और तख्तियां थीं, जिन पर अंकिता भंडारी के हत्यारों को सजा देने और लोकतांत्रिक संस्थाओं की स्वतंत्रता बहाल करने के नारे लिखे थे.
प्रदर्शनकारी सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आगे बढ़ रहे थे, जिससे इलाके में भारी सुरक्षा बल तैनात कर दिया गया.
अंकिता भंडारी हत्याकांड में VIP एंगल
उत्तराखंड से दिल्ली पहुंचे अंकिता भंडारी के माता-पिता ने एक दिन पहले इंडिया गेट पर धरना दिया था. परिवार व प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि मामले में कथित ‘वीआईपी’ चेहरे को बचाने की कोशिश की जा रही है. उन्होंने बीजेपी नेता दुष्यंत कुमार गौतम को सिक्किम का राज्यपाल बनाए जाने का कड़ा विरोध करते हुए इस नियुक्ति को तुरंत रद्द करने और सीबीआई जांच सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में कराने की मांग की.
SIR प्रक्रिया को लेकर भारी आक्रोश
प्रदर्शनकारी चुनाव आयोग की ‘विशेष गहन पुनरीक्षण’ (SIR) प्रक्रिया पर धांधली का आरोप लगा रहे हैं. विपक्षी दलों और छात्र संगठनों का दावा है कि इस कवायद के जरिए देश भर में करोड़ों वैध मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए जा रहे हैं.
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग
मतदाता सूची विवाद और कथित एकतरफा फैसलों के खिलाफ विपक्षी दलों ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है, जहां सुप्रीम कोर्ट ने आयोग और सीईसी को नोटिस जारी किया है. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए मुख्य चुनाव आयुक्त को तुरंत इस्तीफा देना चाहिए.
पुलिस से तीखी झड़प
जैसे ही प्रदर्शनकारी आगे बढ़ने लगे, दिल्ली पुलिस और अर्धसैनिक बलों ने उन्हें घेर लिया. प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाबलों के बीच तीखी नोकझोंक व धक्का-मुक्की हुई. पुलिस ने प्रदर्शन की अनुमति न होने का हवाला देते हुए महिलाओं और अन्य आंदोलनकारियों को हिरासत में ले लिया. हिरासत में लिए गए लोगों को विभिन्न थानों में भेजा गया है, जबकि इलाके में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल की तैनाती जारी है.



