मां के पीछे-पीछे तालाब पहुंची 4 साल की अंतिमा, फिर घर में मच गई चीख-पुकार
बांदा के सौता गांव में तालाब में डूबने से चार साल की अंतिमा की मौत हो गई। मां के पीछे तालाब पहुंची बच्ची को ग्रामीणों ने बाहर निकाला, लेकिन अस्पताल में डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: बचपन की छोटी-छोटी शरारतें कभी-कभी जिंदगी भर का दर्द दे जाती हैं। बांदा के सौता गांव में गुरुवार सुबह ऐसा ही एक दर्दनाक हादसा हुआ, जहां मां के पीछे तालाब तक पहुंची चार साल की मासूम अंतिमा की डूबने से मौत हो गई। बच्ची को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टर उसे बचा नहीं सके। घटना के बाद परिवार में चीख-पुकार मच गई और गांव में शोक छा गया।
मां के साथ गई थी तालाब, कुछ देर बाद फिर पहुंची पीछे-पीछे
मामला गिरवां थाना क्षेत्र के सौता गांव का है। गांव निवासी महेश कारपेंटर का काम करते हैं। उनकी चार वर्षीय बेटी अंतिमा गुरुवार सुबह अपनी मां मिनी कुमारी के साथ तालाब पर कपड़े धुलवाने गई थी। कुछ देर बाद मां ने उसे घर भेज दिया और खाना भी खिला दिया। इसके बाद मां दोबारा तालाब पर कपड़े धुलने चली गई। इसी दौरान अंतिमा भी पीछे-पीछे वहां पहुंच गई।
सुबह नौ बजे पानी में दिखी बच्ची, अस्पताल में मृत घोषित
जानकारी के मुताबिक, सुबह करीब नौ बजे तालाब में नहा रहे लोगों ने बच्ची को पानी में डूबा देखा। ग्रामीणों ने तत्काल उसे बाहर निकाला और परिजनों को सूचना दी। घबराए परिजन अंतिमा को खुरहंड स्थित एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। यह खबर सुनते ही मां और परिवार के अन्य सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
तीन बहनों में सबसे छोटी थी अंतिमा
परिजनों के अनुसार, अंतिमा तीन बहनों में सबसे छोटी थी। परिवार में एक बेटा भी है। वह अपनी बड़ी बहन चांदनी के साथ आंगनबाड़ी केंद्र जाती थी, हालांकि अभी उसका नाम दर्ज नहीं हुआ था। परिवार को उम्मीद थी कि उनकी लाडली धीरे-धीरे पढ़ाई शुरू करेगी, लेकिन हादसे ने खुशियां मातम में बदल दीं। मासूम की मौत से सौता गांव में भी शोक का माहौल है।
रिपोर्ट – इक़बाल खान, बांदा
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