टी-20 विश्वकप में भारत की लगातार 10वीं जीत

- 47वीं बार छुआ 200 का आंकड़ा, नामीबिया को 93 रन से हराया
4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
नई दिल्ली। भारत ने गुरुवार को अरुण जेटली स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में नामीबिया को 93 रन से हरा दिया। इसी के साथ टीम इंडिया ने 2024 टी20 वल्र्डकप से लेकर अब तक लगातार 10वीं जीत दर्ज करते हुए इतिहास रचा है। टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत नेे ईशान किशन (61) और हार्दिक पांड्या (52) की शानदार पारियों के दम पर नौ विकेट खोकर 209 रन बनाए। इसके जवाब में नामीबिया ने अच्छी शुरू आत मिलने के बावजूद 18.2 ओवर में 10 विकेट पर 116 रन ही बना सकी।
इसी के साथ भारत ने टी20 फॉर्मेट में रिकॉर्ड 47वीं बार 200 का आंकड़ा छुआ। वहीं, 29 बार 200 का आंकड़ा छूने वाली दक्षिण अफ्रीकी टीम इस लिस्ट में दूसरे पायदान पर है। न्यूजीलैंड ने 28 बार, जबकि ऑस्ट्रेलिया और वेस्टइंडीज ने 25-25 बार ऐसा किया है। 2024 टी20 विश्वकप में भारत अजेय रहा था। उसने नौ में से आठ मैच जीते थे और एक मैच बिना टॉस के रद्द हुआ था। यानी लगातार आठ मैच उधर और दो मैच टीम इंडिया ने इस विश्वकप में जीते। इस मामले में भारत के बाद लिस्ट में दक्षिण अफ्रीका ने साल 2024 में लगातार आठ मैच जीते थे, जबकि ऑस्ट्रेलियाई टीम ने साल 2022 से 2024 के बीच इतने ही मुकाबलों में जीत हासिल की। इंग्लैंड ने साल 2010 से 2012 के बीच लगातार सात टी20 वल्र्ड कप मुकाबले जीते, जबकि भारतीय टीम साल 2012 से 2014 के बीच लगातार सात मैच अपने नाम कर चुकी थी। 93 रन से जीत टी20 वल्र्ड कप में रनों के अंतर से भारत की सबसे बड़ी जीत है। इससे पहले टीम इंडिया ने साल 2012 में इंग्लैंड के विरुद्ध कोलंबो में 90 रन से जीत दर्ज की थी।
अंक तालिका में स्कॉटलैंड -इटली से भी नीचे खिसका इंग्लैंड
नई दिल्ली। इटली ने नेपाल के खिलाफ टी20 विश्व कप में ऐतिहासिक जीत दर्ज की, लेकिन इसका सबसे ज्यादा नुकसान इंग्लैंड को हुआ। इंग्लैंड की टीम ग्रूप सी की अंक तालिका में चौथे स्थान पर खिसक गई है। वहीं इटली की जीत से इंग्लैंड के लिए सुपर आठ चरण की डगर मुश्किल हो चली है। इंग्लैंड को ग्रूप चरण में अब शेष दो मैच स्कॉटलैंड और इटली के खिलाफ खेलने हैं। आंकड़ों में इन दोनों टीमों की तुलना में इंग्लैंड का पलड़ा भारी है, लेकिन टी20 में कभी भी कोई टीम उलटफेर कर सकती है। ऐसे में अगर एक भी मैच में इंग्लैंड को हार मिली तो उसके लिए अगले दौर में जगह बना पाना कठिन हो सकता है।



