भारत में तो फट गया एलपीजी बम

- गैस की किल्लत बंद होने लगे होटल और रेस्टोरेंट
- कामर्शियल गैस सिलेंडर के बाद घरेलू गैस सिलेंडर की जबर्दस्त शार्टेज
- त्योहारी सीजन में कालाबाजारी चरम पर 2 हजार रूपये प्रति सिलेंडर पहुंचा भाव
- ईरानी रिफाइनरी विस्फोट के जहरीला धुआं का भारत पहुंचने की आशंका से थर्राए देश के पर्यावरणविद
4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
नई दिल्ली। बेंगलुरू, राजस्थान, तमिलनाडू के बाद मुंबई से भी कामर्शियल गैस सिलेंडर की शार्टेज होने के चलते रेस्टोरेंट और होटल बंद होने की खबरें सामने आने लगी है। वहीं पूरे देश में घरेलू गैस सप्लाई पर भी संकट के बादल छा गये हैं और घरेलू सिलेंडर की कालाबजारी चरम पर पहुंच रही है। त्योहारी सीजन होने के चलते लोग उंचे दामों पर गैस सिलेंडर खरीदने के लिए मजबूर है। इंडियन होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन ने पेट्रोलियम मिनिस्टर हरदीप पुरी को चिट्ठी लिखकर अवगत कराया है कि यदि यही हाल रहा तो 50 फीसदी तक होटल और रेस्टोरेंट बंद हो जाएंगे। वहीं ईरान तेल रिफाइनरी में लगी आग का असर भारत पर भी पडऩे की संभावना है और जल्द ही उसके जहरीले धंएं की चपेट में आने की बात पर्यावरणविद उठा रहे हैं। कुल मिलाकर 10 दिनों के ईरान—इजरायल—अमेरिका युद्ध की आग के शोलों की तपिश भारत में महसूस की जाने लगी है। वहीं मिडिल ईस्ट के तनाव के चलते शेयर बाजार के हालात भी ठीक नहीं बताए जा रहे।
गैस की कमी पर सरकार तैयारियों को लेकर कमजोर दिख रही : प्रियंका चतुर्वेदी
ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच जारी युद्ध के दौरान देश के कुछ हिस्सों में एलपीजी की कमी का असर दिख रहा है। इस बीच शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) से राज्यसभा सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने केंद्र से कहा है कि सरकार तैयारियों को लेकर कमजोर दिख रही है। उन्होंने कहा कि कहा कि एलपीजी की दिक्कत का सामना आम जनता को करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार पूरी तरह से फेल नहीं है, लेकिन हालात चिंताजनक हैं। उनके मुताबिक गैस की कमी का असर होटलों और छोटे कारोबारों पर पड़ेगा, जिससे रोजगार का संकट भी पैदा हो सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि भारत को इस मुद्दे पर अमेरिका और इजराइल पर दबाव बनाना चाहिए साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि पेट्रोल और गैस की दिक्कत का असर आने वाले समय में सीधे आम जनता पर पड़ सकता है। इसके साथ ही सोशल मीडिया साइट एक्स पर एक पोस्ट में राज्यसभा सांसद ने कहा कि शांतिपूर्ण समय में हम कहते हैं कि हम हर तरह के संकट और व्यवधान से निपटने के लिए तैयार हैं। लेकिन युद्ध के समय कहा जा रहा है कि माफ कीजिए, हम मदद नहीं कर सकते। यानी जो बातें पहले कही जाती थीं, वे सिर्फ जुमले साबित हो रही हैं। डोनाल्ड ट्रंप लगातार ईरान को लेकर चेतावनी दे रहे थे और युद्ध शुरू होने से दो दिन पहले ही प्रधानमंत्री ने इजराइल का दौरा किया था। इसके बावजूद ऐसा लगता है कि भारत सरकार एक बार फिर तैयारियों के मामले में कमजोर और जरूरत से ज्यादा आत्ममुग्ध नजर आ रही है।
होटल एसोसिएशन ने दी पेट्रोलियम मंत्री को चेतावनी
इंडियन होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन ने कमर्शियल सिलेंडर्स की कमी पर चिंता जाहिर करते हुए बताया है कि कमर्शियल सिलेंडर्स की भारी कमी हो गई है। इस वजह से करीब 20 फीसदी होटल और रेस्तरां को अपना संचालन बंद करना पड़ा है। साथ ही आहार ने पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी को पत्र लिखकर समाधान की मांग की है। वहीं गैस संकट को लेकर आहार प्रतिनिधिमंडल ने महाराष्ट्र के खाद्य और नागरिक आपूर्ति मंत्री छगन भुजबल से मुलाकात की। आहार के अध्यक्ष विजय शेट्टी ने चेतावनी दी है कि यदि अगले 72 घंटों के भीतर आपूर्ति बहाल नहीं की गई तो मुंबई के 50 फीसदी तक रेस्तरां बंद हो सकते हैं। अमेरिका इजरायल और ईरान के बीच संघर्ष बढऩे से होर्मुज जलडमरूमध्य से टैंकरों की आवाजाही लगभग ठप हो गई है। भारत भी अपनी एलपीजी गैस का एक बड़ा हिस्सा इसी मार्ग से आयात करता है इसलिए आपूर्ति बुरी तरह प्रभावित हुई है। मुंबई के होटल-रेस्टोरेंट के सामने यह संकट कई सालों के बाद खड़ा हुआ है। इसी तरह बेंग्लुरू में होटल और रेस्टोरेंट एसोसिएशनों ने चेतावनी दी है कि कई प्रतिष्ठानों के पास केवल एक या दो दिन का गैस स्टॉक बचा है, जिसके कारण उन्हें जल्द ही संचालन रोकना पड़ सकता है। दक्षिण भारत के ही बड़े शहर चेन्नाई में भी होटल उद्योग ने गैस की अनियमित सप्लाई को लेकर चिंता जताई है और सरकार से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। उधर राजस्थान के कई शहरों में कमर्शियल गैस सिलेंडर की नई बुकिंग रोकने की खबरों से होटल, ढाबे और छोटे खाद्य व्यवसायों के सामने संकट खड़ा हो गया है।
सरकार गुमराह कर रही है : रामगोपाल यादव
देश के कई बड़े शहरों में एलपीजी सिलेंडर की कमी को लेकर विपक्षी दलों ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। समाजवादी पार्टी और कांग्रेस ने इस मुद्दे पर सरकार की नीतियों और दावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार जनता को गुमराह कर रही है। सपा के सांसद रामगोपाल यादव ने मुंबई और बेंगलुरु के रेस्टोरेंट्स में एलपीजी सिलेंडर की कमी पर कहा है कि सारी दुनिया में इसकी कमी हो गई है लेकिन हमारी सरकार देश की जनता को लगातार गुमराह कर रही है। सरकार कह रही है कि हमारे पास पर्याप्त ईधन का है जबकि 80 प्रतिशत हमारे यहां जो पेट्रोल-डीजल व कच्चा तेल आता है वो बाहर से ही आता है। ऐसे में कच्चे तेल की आपूर्ति में कमी आ गई है लेकिन केंद्र सरकार झूठ बोलकर लोगों को गुमराह कर रही है। इनकी गलत नीतियों के कारण देश को बहुत नुकसान हो रहा है।
शैक्षणिक संस्थानों और अस्पतालों को छोड़कर बाकी सभी कमर्शियल संस्थानों को गैस की सप्लाई बंद : केजरीवाल
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने देश में एलपीजी आपूर्ति को लेकर बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि शैक्षणिक संस्थानों और अस्पतालों को छोड़कर बाकी सभी कमर्शियल संस्थानों को गैस की सप्लाई बंद कर दी गई है और फिलहाल केवल घरेलू उपयोग के लिए गैस दी जा रही है। केजरीवाल ने यह बयान तब दिया जब पेट्रोलियम मंत्रालय की एक पोस्ट को उन्होंने रिपोस्ट करते हुए इस पर टिप्पणी की।
घरेलू गैस सिलेंडर कालाबजारी चरम पर
मौजूदा स्थिति से निबटने के लिए सरकार ने घरेलू खाना पकाने की गैस की बिना बाधा आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक वस्तु अधिनियम (ईसी एक्ट) लागू किया है। उन्होंने रिफाइनरियों और पेट्रोकेमिकल इकाइयों को एलपीजी का उत्पादन अधिकतम करने और प्रमुख हाइड्रोकार्बन स्रोतों को एलपीजी पूल में मोडऩे का निर्देश दिया है। पूरे देश में गैस सिलेंडर का संकट खड़ा हो गया है और लोगों को गैस बुक कराने के बाद भी गैस नहीं मिल पा रही है।
वित्त मंत्री का एलान नहीं पड़ेगा असर
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में बताया कि खुदरा महंगाई दर पर कच्चे तेल की कीमतों में होने वाली भारी बढ़ोतरी का सीमित असर होगा। महंगाई दर अभी अपने निचले स्तर पर है जिससे कच्चे तेल के असर को सीमित करने में मदद मिलेगी। युद्ध की शुरुआत से पहले पिछले एक साल से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमत में गिरावट हो रही थी। अभी जो महंगाई दर है, उससे तेल के दाम में बढ़ोतरी के असर को कम किया जा सकता है और अभी कच्चे तेल के दाम बढऩे से महंगाई पर पड़ने वाले प्रभाव का कोई आकलन नहीं किया गया है।




