Sitapur News: वर्चस्व और पुरानी रंजिश ने ली मनोज की जान, पुलिस ने मुख्य आरोपियों को दबोचा
कमलापुर थाना क्षेत्र के लोधौरा गांव में हुए सनसनीखेज मनोज हत्याकांड का पुलिस ने महज कुछ ही दिनों में बड़ा खुलासा किया है।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: कमलापुर थाना क्षेत्र के लोधौरा गांव में हुए सनसनीखेज मनोज हत्याकांड का पुलिस ने महज कुछ ही दिनों में बड़ा खुलासा किया है।
इस मामले में पुलिस ने दो महिलाओं समेत कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया फावड़े का बेंट भी बरामद कर लिया है। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेजने की कार्रवाई की जा रही है।
क्या है पूरा मामला?
सीओ सिधौली, वेद प्रकाश श्रीवास्तव ने जानकारी देते हुए बताया कि बीते गुरुवार को लोधौरा गांव निवासी 35 वर्षीय मनोज का अपनी पत्नी के साथ किसी बात को लेकर विवाद और कहासुनी हो रही थी।
इसी दौरान, दूसरे पक्ष के लोगों को ऐसा लगा कि मनोज उन्हें गाली दे रहा है। बात इतनी बढ़ गई कि दोनों पक्षों के बीच पहले कहासुनी और फिर हिंसक मारपीट शुरू हो गई। आरोप है कि इस दौरान शुभम सिंह, धीरेंद्र कुमार सिंह, कल्पना सिंह और सुनीता सिंह ने मिलकर बारी-बारी से फावड़े के बेंट से मनोज के सिर पर ताबड़तोड़ कई वार किए। गंभीर चोट लगने और अत्यधिक खून बहने से मनोज की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।
पत्नी की तहरीर पर दर्ज हुआ था मुकदमा
वारदात के तुरंत बाद मृतक मनोज की पत्नी गुड़िया की तहरीर पर कमलापुर थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था। इस जघन्य हत्याकांड को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक (एसपी) ने खुलासे के लिए कुल चार विशेष टीमों का गठन किया था।
पुलिस टीमों ने तकनीकी सर्विलांस और मुखबिर की सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए चारों आरोपियों को कसमंडा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) के पास सड़क के नजदीक से धर दबोचा। गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम में कमलापुर थाना प्रभारी निरीक्षक ईतुल चौधरी और उनकी टीम के अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे।
वर्ष 2024 की पुरानी रंजिश से जुड़ा है तार
पुलिस की शुरुआती जांच और पूछताछ में यह बात सामने आई है कि दोनों पक्षों के बीच काफी समय से पुरानी रंजिश चली आ रही थी।
वर्ष 2024 की घटना: धीरेंद्र कुमार सिंह के बेटे शिवम की हत्या हो चुकी है। उस चर्चित मामले में मृतक मनोज के चाचा के परिवार के लोग जेल गए थे।
वर्ष 2019 का विवाद: इसके अलावा, वर्ष 2019 में मनोज के खिलाफ भी मारपीट का एक मुकदमा दर्ज किया गया था।पुलिस इन सभी पुराने मामलों और विवादों को इस हत्याकांड की मुख्य पृष्ठभूमि से जोड़कर देख रही है। पुलिस का मानना है कि पुरानी रंजिश के चलते ही मामूली कहासुनी ने इतना खौफनाक रूप ले लिया।



