राहुल गांधी का ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम, सिर्फ महिलाओं को न्योता क्यों?
कोटा, देहरादून और प्रयागराज के बाद राहुल गांधी का छात्रों की गूंज का अगला कार्यक्रम पुणे में होने जा रहा है. 22 अगस्त को होने वाले इस कार्यक्रम में सिर्फ छात्राएं ही आमंत्रित की जाएंगी.

4पीएम न्यूज नेटवर्क: कोटा, देहरादून और प्रयागराज के बाद राहुल गांधी का छात्रों की गूंज का अगला कार्यक्रम पुणे में होने जा रहा है. 22 अगस्त को होने वाले इस कार्यक्रम में सिर्फ छात्राएं ही आमंत्रित की जाएंगी.
पेपर लीक मामला सामने आने और छात्रों के प्रदर्शन के बाद कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी अलग-अलग शहरों में छात्रों के साथ उनकी समस्याओं और उनसे जुड़े मुद्दों पर गहन मंथन कर रहे हैं.
राजस्थान के कोटा से शुरू हुआ लोकसभा में नेता विपक्ष का छात्रों की गूंज का चौथा चरण 22 अगस्त को महाराष्ट्र के पुणे में होगा. इस कार्यकम की खासियत यह है कि, इसमें 5 खास वजहों से सिर्फ लड़कियों को ही न्योता दिया गया है.
कोटा, देहरादून और प्रयागराज के बाद छात्रों से जुड़े मुद्दे उठाने के लिए राहुल गांधी का छात्रों की गूंज का अगला कार्यक्रम पुणे में होने जा रहा है. 22 अगस्त को होने वाले इस कार्यक्रम में सिर्फ छात्राएं ही आमंत्रित की जाएंगी.
सूत्रों के मुताबिक, राहुल के इस खास कार्यक्रम के पीछे कई वजहें हैं. पहला, महिला सशक्तिकरण का संदेश देना. दूसरा, पीएम मोदी ने लाल किले की प्राचीर से महिला आरक्षण की वकालत की है, जबकि उसे ये कहकर खारिज करना कि, वर्तमान में 543 सीटों में से महिलाओं को आरक्षण दिया जाए, उनका ओबीसी का कोटा तय किया जाए, इस तरह टालमटोल क्यों?
ड्रॉप आउट, बढ़ती रेप की घटनाओं पर भी मंथन
साथ ही कुछ अन्य मुद्दे भी हैं. इसमें हायर एजुकेशन में आते-आते छात्राओं का ड्रॉप आउट रेट बढ़ जाता है, और यह चिंता की बात है. चौथा, हाल में राहुल ने इंस्टाग्राम पर रील बनाई थी और यह महिलाओं में सबसे अधिक इस मसले वायरल हुई, जिसमें वो परिवार में महिलाओं को दबाए जाने की बात करते हैं. कांग्रेस नेता छात्राओं से इस मुद्दे पर सीधे कनेक्ट होना चाहते हैं.
पांचवां मुद्दा यह है कि कांग्रेस मोदी सरकार के बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान पर हमलावर होकर यह बताना चाहते हैं कि, कुलदीप सेंगर हों, बृजभूषण शरण सिंह हों, लखीमपुर की लड़की की घटना हो या बीएचयू में छात्रा से रेप की घटना हो, कैसे बीजेपी महिला विरोधी लोगों का साथ देती है. छात्रों की गूंज कार्यक्रम के तहत राहुल छात्रों और युवाओं से संवाद करते रहे हैं.
युवा छात्राओं के हक में आवाज बुलंद करना मुहिमः चिब
कांग्रेस यूथ के अध्यक्ष उदयभानु चिब ने कहा कि राहुल गांधी महिला सशक्तिकरण के हक में हमेशा से आवाज बुलंद करते आए हैं, इसलिए पुणे में युवा छात्राओं के हक में आवाज बुलंद करना उसी मुहिम का हिस्सा है.
कुल मिलाकर छात्राओं की गूंज की कार्यक्रम से राहुल गांधी जेन जी लड़कियों से अपना डायरेक्ट कनेक्ट तो बनाना ही चाहते हैं, साथ ही इस वोटबैंक को सियासी हमले करके मोदी सरकार से दूर करने की रणनीति भी बना रहे हैं. महिलाओं के मद्देनजर इस कार्यक्रम के लिए पिंक कलर का खासा इस्तेमाल किया जा रहा है. पोस्टर, बैनर्स में भी पिंक कलर खूब नजर आएगा. राहुल गांधी की इस बाबत सियासी थीम भी यही है- नरेंद्र मोदी महिला विरोधी.
इससे पहले राहुल गांधी ने 15 अगस्त को छात्रों की गूंज कार्यक्रम के बारे में जानकारी देते हुए बताया था कि वह 22 अगस्त को पुणे में युवाओं के साथ संवाद करेंगे. लेकिन इस बार यह कार्यक्रम मुख्य रूप से छात्राओं के मुद्दों पर केंद्रित होगा. कार्यक्रम के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि देश की लड़कियों को बराबरी, सुरक्षा, अवसर और अपनी बात कहने की आजादी चाहिए. आखिर उन्हें असुरक्षा और भेदभाव का सामना क्यों करना पड़ रहा है?



