बदायूं में तेज बारिश बनी आफत, भरभराकर गिरा मकान; परिवार बाल-बाल बचा

बदायूं के सहसवान क्षेत्र में तेज बारिश के दौरान एक जर्जर मकान अचानक गिर गया। हादसे के समय परिवार बगल के मकान में होने से बाल-बाल बच गया। मकान गिरने से टीवी, फ्रिज, फर्नीचर, अनाज और जरूरी दस्तावेज मलबे में दब गए। प्रशासन से राहत की मांग की गई है।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: मानसून की बारिश जहां लोगों को गर्मी से राहत दे रही है, वहीं कई परिवारों के लिए यह मुसीबत का कारण भी बन रही है। बदायूं जिले के सहसवान नगर में शुक्रवार को तेज बारिश के बीच एक जर्जर मकान अचानक भरभराकर गिर गया। हादसा इतना अचानक हुआ कि तेज धमाके जैसी आवाज सुनकर आसपास के लोग घरों से बाहर निकल आए। हालांकि राहत की बात यह रही कि हादसे के समय परिवार के सदस्य मकान के अंदर मौजूद नहीं थे, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। यह घटना नगर के मोहल्ला मोहिउद्दीनपुर की है, जहां निवासी मोहन का कच्चा और जर्जर मकान लगातार बारिश के चलते ढह गया।

तेज बारिश से कमजोर हुई दीवारें, अचानक गिरा पूरा ढांचा

स्थानीय लोगों के अनुसार क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश के कारण मकान की दीवारों और छत की स्थिति काफी कमजोर हो चुकी थी। शुक्रवार को बारिश के दौरान पहले मकान का एक हिस्सा गिरा और कुछ ही क्षणों में पूरा ढांचा मलबे में तब्दील हो गया। मकान गिरने की आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के लोग घबराकर अपने घरों से बाहर निकल आए। कुछ समय के लिए इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

बगल के मकान में सो रहा था परिवार

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक हादसे के समय मोहन और उनके परिवार के सदस्य बगल के मकान में सो रहे थे। यही वजह रही कि कोई जनहानि नहीं हुई। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि परिवार मकान के अंदर मौजूद होता तो यह घटना गंभीर रूप ले सकती थी।

मलबे में दब गया गृहस्थी का सामान

मकान गिरने से परिवार को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। घर में रखा टीवी, फ्रिज, फर्नीचर, कपड़े, बर्तन, अनाज और अन्य घरेलू सामान मलबे में दब गया। इसके अलावा परिवार के कई महत्वपूर्ण दस्तावेज भी क्षतिग्रस्त होने की आशंका है। पीड़ित परिवार के सामने अब रहने और रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करने की चुनौती खड़ी हो गई है।

मदद के लिए आगे आए स्थानीय लोग

घटना की जानकारी मिलते ही मोहल्ले के लोग मौके पर पहुंच गए और परिवार की सहायता में जुट गए। स्थानीय लोगों ने मलबा हटाने में मदद की और पीड़ित परिवार को हर संभव सहयोग का भरोसा दिलाया।

प्रशासन से राहत और मुआवजे की मांग

स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि पीड़ित परिवार को तत्काल राहत सामग्री उपलब्ध कराई जाए। साथ ही आर्थिक सहायता देकर परिवार को हुए नुकसान की भरपाई में मदद की जाए। बारिश के मौसम में जर्जर मकानों को लेकर भी चिंता बढ़ गई है। लोगों का कहना है कि ऐसे मकानों का सर्वे कर समय रहते आवश्यक कदम उठाए जाने चाहिए, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके।

रिपोर्ट – संतुलित पाठक

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