NEET UG 2026 के लिए नई व्यवस्था, एडमिट कार्ड डाउनलोड प्रक्रिया में बदलाव
नीट यूजी री-एग्जाम का एडमिट कार्ड डाउनलोड करने के लिए अब बैंक डिटेल्स डालने की जरूरत नहीं है, क्योंकि एनटीए ने कैंडिडेट्स को इससे तत्काल छूट दे दी है.

4पीएम न्यूज नेटवर्क: नीट यूजी री-एग्जाम का एडमिट कार्ड डाउनलोड करने के लिए अब बैंक डिटेल्स डालने की जरूरत नहीं है, क्योंकि एनटीए ने कैंडिडेट्स को इससे तत्काल छूट दे दी है. कुछ छात्रों को अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड करने में आ रही दिक्कतों को ध्यान में रखते हुए एनटीए ने ये कदम उठाया है.
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी यानी एनटीए (NTA) ने नीट यूजी परीक्षा से पहले एक अहम बदलाव किया है. अब तक री-एग्जाम का एडमिट कार्ड डाउनलोड करने के लिए पहले बैंक डिटेल्स देना पड़ रहा था, लेकिन अब बैंक डिटेल्स देने की जरूरत नहीं है, क्योंकि एनटीए ने इसे हटा दिया है. अब नीट यूजी री-एग्जाम में शामिल होने वाले कैंडिडेट्स बिना बैंक डिटेल्स दिए अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं.
एनटीए का ये कदम उन छात्रों के लिए राहत की बात है, जो बैंक डिटेल्स वैरिफिकेशन लंबित होने के कारण अपने एडमिट कार्ड डाउनलोड नहीं कर पा रहे थे. बीते बुधवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (ट्विटर) पर शेयर किए एक पोस्ट में एनटीए ने स्पष्ट किया कि छात्र अपने एडमिट कार्ड तुरंत डाउनलोड कर सकते हैं और शुल्क वापसी प्रक्रिया के लिए अनिवार्य बैंक डिटेल्स वैरिफिकेशन बाद में पूरा कर सकते हैं. महत्वपूर्ण बात ये है कि वैरिफिकेशन पूरा होने के समय की परवाह किए बिना उम्मीदवार फीस वापसी के पात्र बने रहेंगे.
एडमिट कार्ड की 2 कॉपियां करा लें प्रिंट
एनटीए ने उम्मीदवारों को कहा है कि वो जल्द से जल्द अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर लें और 21 जून को होने वाले री-एग्जाम से पहले परीक्षा केंद्र, रिपोर्टिंग टाइम और पर्सनल डिटेल्स जैसी महत्वपूर्ण जानकारियों की समीक्षा कर लें. छात्रों को ये भी सलाह दी जाती है कि वो परीक्षा के दिन के लिए एडमिट कार्ड की दो कॉपियां प्रिंटआउट कराकर तैयार रखें.
एक ही शिफ्ट में होगी परीक्षा
पेपर लीक होने के कारण 3 मई को हुई नीट यूजी परीक्षा रद्द होने के बाद निर्धारित री-एग्जाम दोपहर 2 बजे से शाम 5:15 बजे तक एक ही शिफ्ट में आयोजित किया जाएगा, जिसमें बाकी की औपचारिकताएं पूरी करने के लिए एक्स्ट्रा 15 मिनट का समय दिया जाएगा.
टेलीग्राम पर लग गया है प्रतिबंध
नीट यूजी री-एग्जाम से पहले केंद्र सरकार ने 22 जून तक टेलीग्राम पर अस्थायी प्रतिबंध लगाया है. टेलीग्राम को यह भी निर्देश दिया गया है कि भारत में भेजे गए मैसेज को एडिट करने की सुविधा 30 जून तक बंद कर दी जाए. सरकार और एनटीए का तर्क है कि इससे फर्जी पेपर लीक, अफवाहों और उम्मीदवारों को ठगने वाले संगठित गिरोहों पर अंकुश लगेगा.
जालसाजों से बचाने के लिए उठाया गया कदम
एनटीए के महानिदेशक अभिषेक सिंह ने कहा है कि टेलीग्राम को बैन करने वाला ये कदम जरूरी था, क्योंकि इस प्लेटफॉर्म का व्यापक रूप से दुरुपयोग करके जालसाज फर्जी प्रश्न पत्र बेच रहे थे और छात्रों और अभिभावकों को धोखा दे रहे थे. उन्होंने माना कि ये कदम कुछ ज्यादा ही कठोर लग सकता है, लेकिन छात्रों और उनके भविष्य की रक्षा के लिए यह जरूरी था. उन्होंने कहा है कि सरकार जरूरत पड़ने पर सख्त कार्रवाई करेगी.



