बरेली DIG अजय साहनी को तीसरी बार राष्ट्रपति वीरता पदक, 2020 का वो ऑपरेशन फिर चर्चा में
बरेली रेंज के DIG अजय कुमार साहनी को तीसरी बार राष्ट्रपति वीरता पदक मिला। 2020 में मेरठ में 1.5 लाख के इनामी चांद उर्फ काले के खिलाफ ऑपरेशन के लिए सम्मानित किया गया।

4पीएम न्यूज नेटवर्कः खाकी की वर्दी में साहस और नेतृत्व की पहचान बनाने वाले बरेली रेंज के डीआईजी अजय कुमार साहनी के नाम एक और बड़ी उपलब्धि जुड़ गई है। स्वतंत्रता दिवस पर उन्हें तीसरी बार राष्ट्रपति वीरता पदक से सम्मानित किया गया। लखनऊ स्थित पुलिस मुख्यालय में डीजीपी राजीव कृष्ण ने उन्हें यह सम्मान प्रदान किया।
2020 के ऑपरेशन के लिए मिला वीरता पदक
यह सम्मान उस साहसिक पुलिस ऑपरेशन के लिए दिया गया, जब अजय साहनी मेरठ के एसएसपी थे। 25-26 जनवरी 2020 की दरम्यानी रात पुलिस को अंतरजनपदीय लुटेरे चांद उर्फ काले के छिपे होने की सूचना मिली थी। पुलिस टीम ने घेराबंदी कर कार्रवाई की। मुठभेड़ के दौरान चांद उर्फ काले मारा गया। पुलिस के मुताबिक मौके से अवैध हथियार और लूट का सामान भी बरामद हुआ था।
1.5 लाख का इनामी था चांद उर्फ काले
परीक्षितगढ़ निवासी चांद उर्फ काले के खिलाफ करीब तीन दर्जन मुकदमे दर्ज होने की बात सामने आई थी। उस पर मेरठ जोन से एक लाख और सहारनपुर रेंज से 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार वह मुजफ्फरनगर में बैंक लूट, नई मंडी में व्यापारी से लूट और जानसठ में ज्वैलरी शॉप लूट समेत मेरठ के कई मामलों में वांछित था। पेट्रोल पंप, किराना व्यापारी और डॉक्टर से लूट के मामलों में भी उसकी तलाश थी।
तीसरी बार सम्मान से बढ़ा बरेली रेंज का गौरव
मेरठ ऑपरेशन में दिखाई गई बहादुरी के लिए अजय साहनी को राष्ट्रपति वीरता पदक के लिए चुना गया। करियर में तीसरी बार यह प्रतिष्ठित सम्मान मिलना उनकी पुलिस सेवा की महत्वपूर्ण उपलब्धियों में शामिल हो गया है। वर्तमान में बरेली रेंज की जिम्मेदारी संभाल रहे साहनी सख्त पुलिसिंग और अपराध के खिलाफ कार्रवाई के लिए पहचाने जाते हैं। स्वतंत्रता दिवस पर मिले इस सम्मान से बरेली पुलिस रेंज में भी गौरव का माहौल है।
रिपोर्ट – सुनील सक्सेना, बरेली
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