भाजपा मंडल उपाध्यक्ष को थाने लाने पर भड़के विधायक, सीधे पहुंच गए पुलिस स्टेशन

मीरजापुर के चिल्ह थाना क्षेत्र में मारपीट के एक मामले में भाजपा मंडल उपाध्यक्ष सत्य नारायण प्रजापति को थाने लाए जाने पर नगर विधायक रत्नाकर मिश्रा नाराज होकर थाने पहुंच गए। मामले में चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क: मीरजापुर में एक मामूली विवाद ने शुक्रवार को राजनीतिक रंग ले लिया, जब मारपीट के एक मामले में भाजपा के मंडल उपाध्यक्ष सत्य नारायण प्रजापति को पुलिस द्वारा चिल्ह थाने लाए जाने की सूचना पर नगर विधायक पंडित रत्नाकर मिश्रा खुद थाने पहुंच गए। इस घटना के बाद स्थानीय राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है। मामला चिल्ह थाना क्षेत्र के पुरजागीर चौराहे का बताया जा रहा है, जहां ठेले पर फुल्की और चाट बेचने वाले दो दुकानदारों के बीच ग्राहकों को बुलाने को लेकर विवाद हो गया। देखते ही देखते कहासुनी मारपीट में बदल गई, जिसके बाद पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा।

ग्राहकों को लेकर शुरू हुआ विवाद

स्थानीय सूत्रों के अनुसार, पुरजागीर चौराहे पर लंबे समय से दोनों दुकानदार अपना व्यवसाय कर रहे हैं। शुक्रवार को ग्राहकों को अपनी दुकान की ओर आकर्षित करने को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद शुरू हुआ। कुछ ही देर में मामला बढ़ गया और मारपीट की नौबत आ गई। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को पूछताछ के लिए चिल्ह थाने ले आई। बताया जा रहा है कि विवाद में शामिल एक पक्ष भाजपा के कोन मंडल उपाध्यक्ष सत्य नारायण प्रजापति भी हैं।

मंडल उपाध्यक्ष को थाने लाने पर नाराज हुए विधायक

जैसे ही भाजपा पदाधिकारी को थाने लाए जाने की जानकारी नगर विधायक पंडित रत्नाकर मिश्रा को मिली, उन्होंने कथित तौर पर थाना प्रभारी से संपर्क किया और मामले की जानकारी ली। इसके बाद विधायक स्वयं चिल्ह थाना पहुंच गए। सूत्रों के मुताबिक, विधायक ने मामले को लेकर अपनी नाराजगी भी व्यक्त की। थाने में कुछ समय तक बातचीत के बाद मंडल उपाध्यक्ष सत्य नारायण प्रजापति उनके साथ वापस चले गए। हालांकि पुलिस की ओर से इस पूरे घटनाक्रम पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।

चार लोगों पर मुकदमा दर्ज

पुलिस सूत्रों के अनुसार, मंडल उपाध्यक्ष सत्य नारायण प्रजापति की तहरीर के आधार पर चार लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। वहीं मामले में एक व्यक्ति को हिरासत में लेकर उसका चालान भी किया गया है। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच तथ्यों और शिकायत के आधार पर की जा रही है तथा कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।

राजनीतिक चर्चा का विषय बना मामला

घटना के बाद यह मामला जिले में चर्चा का विषय बन गया है। स्थानीय स्तर पर लोग इस बात को लेकर चर्चा कर रहे हैं कि एक सामान्य मारपीट का मामला अचानक राजनीतिक रूप से सुर्खियों में आ गया। हालांकि अभी तक किसी पक्ष की ओर से अतिरिक्त आरोप-प्रत्यारोप सामने नहीं आए हैं, लेकिन विधायक के थाने पहुंचने की घटना ने इस मामले को राजनीतिक महत्व दे दिया है। फिलहाल पुलिस दर्ज मुकदमे के आधार पर आगे की जांच कर रही है और मामले से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।

रिपोर्ट – संतोष देव गिरी

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