खुलेआम हथियार बांटने का समर्थन कर फंसे नरसिंहानंद, सुप्रिया श्रीनेत ने जमकर घेरा!
यूपी में एक तरफ जहां शासन प्रशासन को लेकर योगी सरकार बड़े-बड़े दावे करती है वहीं दूसरी तरफ इसी सरकार में खुलेआम हथियार बांटे जा रहे हैं।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: यूपी में एक तरफ जहां शासन प्रशासन को लेकर योगी सरकार बड़े-बड़े दावे करती है वहीं दूसरी तरफ इसी सरकार में खुलेआम हथियार बांटे जा रहे हैं।
इतना ही नहीं आलम ये है कि इस सरकार में नफरत इस कदर बढ़ गई है कि खुलेआम विशेष समुदाय को टारगेट किया जा रहा है और सरकार ऐसे लोगों पर कायदे के कोई एक्शन नहीं ले रही है जिससे की चारों तरफ फ़ैल रही ये हिन्दू मुसलमान वाली नफरत शांत हो सके।एक बार फिर प्रदेश में खुलेआम नफरत फैलाने की कोशिश की गई है। दरअसल गाजियाबाद में हिंदू रक्षा दल ने तलवारों के साथ शक्ति प्रदर्शन किया। कार्यकर्ता धारदार हथियारों की स्टॉल सजाकर बैठे थे।
उन्होंने आमजनों को तलवार दिए। बाद में कई घरों में भी जाकर बांटे। लोगों से कहा- जिहादियों से सुरक्षा के लिए इसे अपने घर में रखें। अगर कोई बहन या बेटी पर बुरी नजर डाले तो इसका प्रयोग करें। कार्यकर्ताओं ने बंगलादेश में दीपू दास समेत अन्य हिंदुओं की हत्या का हवाला दिया। कहा- यहां भी उसी मानसिकता के जिहादी घूम रहे हैं। उनसे अपनी सुरक्षा के लिए हर घर में इस तरह का हथियार होना चाहिए।
वहीं इसका जहां एक तरफ विरोध हो रहा है तो वहीं कुछ लोग ऐसे भी हैं ऐसी चीजों का खुलेआम समर्थन भी कर रहे हैं। इसी बीच डासना स्थित देवी मंदिर के महंत यति नरसिंहानंद सरस्वती एक बार फिर अपने बयानों को लेकर विवादों में आ गए हैं. उनके हालिया बयान को आपत्तिजनक और भड़काऊ बताया जा रहा है. इससे पहले भी उनके बयान सामाजिक सौहार्द को लेकर सवाल खड़े करते रहे हैं. इस बार दिए गए बयान ने न केवल धार्मिक बल्कि सुरक्षा और कानून व्यवस्था से जुड़े मुद्दों को भी केंद्र में ला दिया है.
यति नरसिंहानंद ने हिंदुओं को संबोधित करते हुए बेहद उग्र भाषा का इस्तेमाल किया. उन्होंने कथित तौर पर कहा कि हिंदुओं को अब आईएसआईएस जैसे संगठन बनाने चाहिए और आत्मघाती दस्ते तैयार करने की जरूरत है. इन बयानों को लेकर कई सामाजिक संगठनों और आम लोगों में नाराजगी देखी जा रही है. इसे लेकर लोगों का कहना है कि इस तरह की भाषा समाज में नफरत और हिंसा को बढ़ावा दे सकती है.
दरअसल अपने बयान में यति नरसिंहानंद ने हिंदू रक्षा दल के प्रमुख पिंकी चौधरी द्वारा गाजियाबाद में तलवारें बांटे जाने के कथित कदम का समर्थन किया. उन्होंने कहा कि तलवार से भी ज्यादा घातक हथियार बांटे जाने चाहिए. इस टिप्पणी के बाद कानून व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं. यति नरसिंहानंद ने छोटो नरसिंहानंद अनिल यादव के साथ एक वीडियो रिकॉर्ड किया, जो सोशल मीडिया पर सामने आया है. इस वीडियो में उन्होंने बांग्लादेश में दीपू दास और अन्य हिंदुओं की हत्या का जिक्र किया. उन्होंने दावा किया कि इस तरह की घटनाएं पिछले 1400 वर्षों से हो रही हैं.
वहीं नरसिंहानंद के इस वीडियो को लेकर सियासी बवाल मचा हुआ है। इस वीडियो पर विपक्ष लगातर सवाल उठा रहा है। इसी कड़ी में वीडियो को शेयर करते हुए कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने लिखा कि- एक जगह तलवारें बाँटी जा रहीं थीं, उसपर यति नरसिंहानंद ने कहा “तलवारें बांटने से कुछ नहीं होने वाला, अब तो हिंदुओं को आत्मघाती दस्ते बनाने चाहिए. हिंदुओं को बजरंगदल जैसे संगठन छोड़कर ISIS जैसा संगठन बनाना चाहिए” यह धूर्त हिंदू धर्म के नाम पर कलंक है। सिर्फ सुप्रिया बल्कि विपक्ष के नेताओं से लेकर आ जनता तक इस बयान और हथियार बाँटने की घटना की आलोचना कर रहे हैं।



