स्पीकर का वीडियो जारी कर फंसे रिजिजू, प्रियंका गांधी ने कर दिया पर्दाफाश!

इन दिनों संसद के अंदर और बाहर भयंकर बवाल मचा हुआ है। एक तरप विपक्ष है जो कभी बयानों के जरिये तो कभी विरोध प्रदर्शन करते हुए सरकार के कामों को लेकर उसपर दबाव बना रहा है।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: इन दिनों संसद के अंदर और बाहर भयंकर बवाल मचा हुआ है। एक तरप विपक्ष है जो कभी बयानों के जरिये तो कभी विरोध प्रदर्शन करते हुए सरकार के कामों को लेकर उसपर दबाव बना रहा है। तो वहीं सत्तापक्ष के नेता विपक्ष पर एक के बाद आरोपों की बौछार कर रहा है।

इस बीच मोदी के सबसे चहीते मंत्री किरेन  रिजिजू ने स्पीकर के कमरे से एक वीडियो जारी करते हुए विपक्षी सांसदों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। वहीं विपक्ष की तरफ से प्रियंका गांधी सामने आई हैं और उन्होंने मोदी जी के मंत्री की झूठ का पर्दाफाश कर दिया है। वहीं इस बीच संसद के बाहर का वीडियो भी सामने आया है जिसने सरकार की दुगदुगी बढ़ा दिया है। तो मोदी के मंत्री ने जो वीडियो जारी की है उसमें ऐसा क्या है जिसको लेकर वो विपक्षी सांसदों पर गंभीर आरोप लगा रहे हैं.

आज कांग्रेस सभी विपक्षी दल संसद के बाहर मोदी सरकार की ट्रेड डील, उनके लाए हुए कानूनों और मनरेगा छीने जाने पर संसद के बाहर सरकार का जमकर विरोध कर रहे हैं। इस बीच मोदी के मंत्री ने माहौल पलटने के लिए एक वीडियो जारी किया है जो स्पीकर के रूम के अंदर का बताया जा रहा है। इस वीडियो को जारी करते हए आरोप लगाया कि संसद में विपक्ष और सरकार के बीच हाल ही में हुए टकराव के दौरान कांग्रेस सांसदों का एक बड़ा ग्रुप लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के चैंबर में घुस गया था, जहां उन्होंने उन्हें गालियां दीं और पीएम मोदी को धमकाया भी। उन्होंने आरोप लगाया कि स्पीकर के कमरे में कांग्रेस सांसदों ने अवैध रूप से वीडियो क्लिप बनाया, जिसमें 20 से 25 कांग्रेस सांसद, लोकसभा स्पीकर के चैंबर में घुसकर उनको अपशब्द कह रहे हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धमकी दे रहे हैं।

जैसे ही किरेन रिजिजू  ने वीडियो शेयर किया यो पूरा गोदी मीडिया पागल होकर चिल्लाने लगा कि कांग्रेस सांसद ने गाली गलौज की पीएम को धमकाया लेकिन जो वीडियो सामने आया है उसमें आप देखेंगे की उस वीडियो में एक भी बीप नहीं है मतलब एक भी गाी नहीं है। और उस वीडियो में दोनों पक्षों की ओर से बहस बाजी हो रही है। इस वीडियो के आने बाद कहा गया कि ये स्पीकर का रूम में ये बवाल उस वक्त हुआ जब कांग्रेस सांसद प्रियंका गाँधी खुद वहाँ मौजूद थी। लेकिन जब मीडिया ने प्रियंका गाँधी से इस वीडियो को लेकर और किरेन रिजिजू के आरोपों सको लेकर सवाल किया तो उन्होंने उन सारे आरोपों को नकीर दिया।

अब एक तरफ जहां प्रियंका गाँधी ने केंद्रीय मंत्री के आरोपों को सिरे से नकार दिया तो वहीं कांग्रेस सांसद रेणुका चौधरी ने तो किरेन रिजिजू से इस्तीफा ही मांग लिया।

पिछले कई दिनों से संसद में पक्ष विपक्ष के बीच संग्राम छिड़ा हुआ है। पिछले हफ्ते की बात है जब नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी जनरल नरवणे की किताब से कुछ लाइनें कोट करके मोदी और रक्षा मंत्री की दिलेरी को एक्सपोज करना चाहते थे, लेकिन तब स्पीकर ओम बिरला ने उन्हें बोलने नहीं दिया था। लेकिन उसी दिन जब भाजपा सांसद निशिकांत दुबे कुछ किताबों को लेसर संसद में पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू पर अनर्गल आरोप लगा रहे थे तो उनको रोकने की कोशिश भी नहीं की गई। इसी को लेकल कांग्रेस की महिला सांसदों सदन के अंदर निशिकांत दुबे का विरोध करने के लिए उतर गई और विरोध करते-करते वह प्रधानमंत्री की कुर्सी तक पहुंच गई। भारी विरोध प्रदर्शन को देखते हुए प्रधानमंत्री मोदी सदन में कदम रखने से पहले उलटे पांव भाग गए।

किरेन रिजिजू ने जो वीडियो जारी किया है ये वीडियो भी उसी के बाद का बताया जा रहा है जहां विपक्ष और पक्ष दोनों के सांसद मौजूद थे और स्पीकर के केबिन का माहौल गरमाया हुआ था। फिर इसके अगले दिन स्पीकर ओम बिरला ने उन महिला सांसदों पर आरोप लगा दिया कि उन्हें सूचना मिली थी कि इन सांसदों द्वारा प्रधानमंत्री मोदी पर अप्रत्यक्ष घटना को अंजाम देने की सूचना मिली थी इसलिए उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी को सदन में ना आने और अपने भाषण को लोकसभा में न देने की सलाह दी थी। मतलब पहले स्पीकर साहेब ने कांग्रेस की महिला सांसदों पर पीएम पर हमला करने के आरोप लगाया और अब केंद्रीय मंत्री उनपर गाली गलौज करने का आरोप लगा रहे हैं। इसी से पता चलता है कि सरकार के मंत्री जब विपक्ष की बातों का और उसके विरोध में दबो जा रहे हैं तो वो उनपर गुंडागर्दी करने का आरोप लगा रहे हैं।

लेकिन अब लगता है कि विपक्ष अब चुप नहीं बैठने वाला है। ट्रंप से हुई डील को लेकर विपक्ष लगातार विरोध प्रदर्शन कर रहा है। एक तरफ जहां कांग्रेस सांसद प्रदर्शन कर रहे हैं तो वहीं इस बीच समाजवादी पार्टी के सासंदों का एक वीडियो सामने आया जिसमें वो सदन के अंदर बैठ कर हाथों में पोस्टर लेकर विरोध कर रहे हैं।

कुल मिलाकर तस्वीर साफ है कि संसद अब बहस का मंच कम और आरोप–प्रत्यारोप का अखाड़ा ज्यादा बनती जा रही है। एक तरफ सरकार विपक्ष पर गंभीर आरोप लगाकर उसे घेरने की कोशिश कर रही है, तो दूसरी ओर विपक्ष इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए पलटवार कर रहा है। किरेन   रिजिजू द्वारा जारी वीडियो को लेकर जिस तरह का शोर मचाया गया, उसके बाद जब उसी वीडियो में गाली या धमकी का कोई स्पष्ट प्रमाण सामने नहीं आया, तो सवाल और भी गहरे हो गए हैं। प्रियंका गांधी से लेकर रेणुका चौधरी तक ने खुलकर मंत्री के दावों को चुनौती दी है। वहीं स्पीकर के रुख और अलग-अलग मौकों पर अलग व्यवहार को लेकर भी विपक्ष हमलावर है। ट्रेड डील, मनरेगा और अन्य मुद्दों पर जारी विरोध ने सरकार की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। अब देखना यह होगा कि क्या सत्ता पक्ष ठोस जवाब देता है या फिर आरोपों की यह सियासत और तेज होती है।

Related Articles

Back to top button