अजित पवार की मौत को लेकर रोहित पवार का चौंकाने वाला दावा, सामने आया बड़ा सच!
महाराष्ट्र का सियासी पारा इन दिनों हाई चल रहा है। अजित पवार की मौत पर सवालों की झड़ी लगी हुई है, एक तरफ जहां अजित पवार की इस तरह से हुई मौत को लेकर विपक्ष सवाल उठा रहा है।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: महाराष्ट्र का सियासी पारा इन दिनों हाई चल रहा है। अजित पवार की मौत पर सवालों की झड़ी लगी हुई है, एक तरफ जहां अजित पवार की इस तरह से हुई मौत को लेकर विपक्ष सवाल उठा रहा है।
तो वहीं दूसरी तरफ सत्ताधारी दल इसे हादसा बता रहा है। इसी बीच एनसीपी (SP) नेता रोहित पवार ने हाल ही में प्रेस कॉन्फ्रेंस में अजित पवार के प्लेन क्रैश को लेकर कई सवाल उठाए और इसे संभावित साजिश बताय. जिसके बाद अब रोहित पवार ने एक पोस्ट के जरिए अपने सभी डाउट्स का सॉल्यूशन मांगा है. उन्होंने पोस्ट में लिखा कि इस एक्सीडेंट में मैंने अपने चाचा को खो दिया है और महाराष्ट्र ने एक लीडर खो दिया है। इसलिए, हमारे सभी डाउट्स का सॉल्यूशन होना चाहिए; तब तक, हम इस मामले को आगे बढ़ाते रहेंगे.
रोहित पवार ने ट्वीट कर कहा कि उन्होंने महाराष्ट्र के साथ मिलकर अजितदादा के प्लेन क्रैश पर डिटेल्ड प्रेजेंटेशन पेश किया है. उनके मुताबिक यह सिर्फ हवा में उठाए गए सवाल नहीं हैं, बल्कि हर पॉइंट का ठोस आधार है. उन्होंने मीडिया से लिंक के जरिए पूरा प्रेजेंटेशन देखने और डाउनलोड करने की अपील की है, वहीं राज्य व केंद्र की जांच एजेंसियों से सकारात्मक जवाब की उम्मीद भी जताई है.
बीते दिन आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में रोहित पवार ने अजित पवार की मौत को साजिश करार दिया था. उन्होंने कहा कि एक किताब में लिखा है कि यदि किसी व्यक्ति को मारना हो तो उसके ड्राइवर को निशाना बनाना सबसे आसान तरीका होता है. इसी संदर्भ में उन्होंने दुर्घटना से जुड़े कुछ तथ्यों की ओर इशारा किया.
रोहित पवार के अनुसार हादसे से एक दिन पहले अजित दादा को मुंबई से पुणे कार से आना था और काफिला भी निकल चुका था. लेकिन अचानक उन्होंने कार से यात्रा क्यों नहीं की, यह बड़ा सवाल है. उन्होंने यह भी दावा किया कि अजित दादा एक बड़े नेता से मिलने वाले थे. वहीं इसी न सिर्फ रोहित पवार ने बल्कि शिव सेना UBT सांसद संजय राउत ने भी इस मामले को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी।
इससे पहले भी संजय राउत इस मामले को उठा चुके हैं। शिवसेना (यूबीटी) के मुख्य प्रवक्ता एवं सांसद संजय राउत ने इस घटना पर कहा कि अजीत पवार की मौत सामान्य दुर्घटना नहीं है। उन्होंने अजीत पवार की मौत की तुलना जस्टिस बीएच लोया की मौत से करते हुए दावा किया कि कुछ दिन पहले ही अजीत पवार ने सार्वजनिक रूप से संकेत दिया था कि उनके पास भाजपा के कुछ बड़े नेताओं के भ्रष्टाचार से जुड़ी फाइलें हैं। समय आने पर वह दूध का दूध और पानी का पानी कर देंगे। उस बयान के ठीक बाद बारामती जैसे सुरक्षित इलाके में विमान का क्रैश होना कई सवाल खड़े करता है।
राउत ने तंज कसते हुए कहा कि दिल्ली के इशारे पर महाराष्ट्र में जो ‘राजनीतिक सफाई’ चल रही है, यह उसका हिस्सा हो सकता है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और नेता प्रतिपक्ष विजय वडेट्टीवार ने भी सरकार को घेरते हुए कहा कि महाराष्ट्र की 80 प्रतिशत जनता मानती है कि इस हादसे के पीछे कुछ ‘काला’ है। उन्होंने पूछा कि जिस विमान में आधुनिक तकनीक थी, वह अचानक आसमान से कैसे गिर गया और उड़ान भरने से पहले अचानक पायलट क्यों बदल गया। उड़ान भरने से पहले विमान में छह लोगों के होने की बात कही जा रही है। लेकिन दुर्घटना के बाद सिर्फ पांच शव ही क्यों मिले हैं।
साथ ही इस मामले पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि डिप्टी सीएम अजित पवार की मौत वाले प्लेन क्रैश की डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन द्वारा एक जरूरी जांच चल रही है, और आग्रह किया कि जांच खत्म होने के बाद ही नतीजे निकाले जाएं। फडणवीस ने कहा कि एयरक्राफ्ट का ब्लैक बॉक्स पहले ही मिल चुका है और सभी मोर्चों पर जांच शुरू हो गई है। CM यहां अजित पवार के भतीजे और MLA रोहित पवार के प्लेन क्रैश के बारे में दावों और चिंताओं के बारे में एक सवाल के जवाब में रिपोर्टरों से बात कर रहे थे। अजित पवार के निधन के बाद से विपक्ष लगातार सवाल उठा रहा है.
विपक्ष का कहना है कि एनसीपी के विलय की चर्चाएं चल रही थीं और ऐसे समय में हुआ प्लेन क्रैश संदेह पैदा करता है. इसी वजह से पूरे घटनाक्रम पर राजनीतिक बहस तेज हो गई है. हालांकि शरद पवार पहले ही इसे एक हादसा बता चुके हैं, लेकिन अब उन्हीं की पार्टी के नेता गंभीर सवाल उठा रहे हैं। इससे पार्टी के भीतर मतभेद की स्थिति भी सामने आ रही है. गौरतलब है कि ये मामला महाराष्ट्र की सियासत में चर्चा का विषय बनी हुई है। अब इस हादसे को लेकर खूब कयास भी लगाईं जा रही है और अटकलों का बाजार गर्म है।

