वायरल वीडियो ने खोला लकड़ी ढुलान का राज, बिसौली में शकील-भूरे समेत तीन पर केस
बदायूं के बिसौली में अवैध लकड़ी ढुलान के आरोप में वन विभाग ने शकील, भूरे समेत तीन के खिलाफ केस दर्ज किया। ट्रैक्टर-ट्रॉली की तलाश में दो टीमें लगाई गई हैं।

4पीएम न्यूज नेटवर्कः बदायूं के बिसौली में पेड़ की लकड़ी के कथित अवैध परिवहन का मामला सामने आने के बाद वन विभाग सक्रिय हो गया है। वायरल वीडियो से मिली सूचना के आधार पर विभागीय टीम ने देर रात जांच की। मामले में ठेकेदार शकील और भूरे समेत तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। वहीं, लकड़ी ढोने में इस्तेमाल ट्रैक्टर-ट्रॉली की तलाश के लिए दो टीमें लगाई गई हैं।
वायरल वीडियो से मिली सूचना, रात में पहुंची वन विभाग की टीम
वन विभाग के अनुसार, 20 अगस्त की शाम वायरल वीडियो के जरिए सूचना मिली थी कि आसफपुर रोड से बिसौली की ओर ट्रैक्टर-ट्रॉली में लकड़ी ले जाई जा रही है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए बिसौली रेंज, सामाजिक वानिकी प्रभाग बदायूं की टीम ने देर रात मामले की जांच शुरू की।
जांच में पता चला कि लकड़ी ग्राम बाबेपुर निवासी राजकुमार के खेत में गिरे आम के पेड़ से काटकर लाई जा रही थी। ग्रामीणों और खेत मालिक के परिजनों के मुताबिक, पेड़ कुछ दिन पहले आई आंधी में गिर गया था।
शकील, भूरे और खेत मालिक के खिलाफ मुकदमा
वन विभाग के प्रेस नोट के मुताबिक, आरोप है कि गिरे आम के पेड़ की लकड़ी को आवश्यक अनुमति के बिना बिसौली ले जाया जा रहा था। इस मामले में ठेकेदार शकील पुत्र अब्दुल मसीत निवासी बिसौली, ठेकेदार भूरे पुत्र अफ्फू शाह निवासी मौजमपुर और संबंधित खेत मालिक के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।
मामला उत्तर प्रदेश वृक्ष संरक्षण अधिनियम, 1976 और उत्तर प्रदेश इमारती लकड़ी एवं अन्य वन उपज अभिवहन नियमावली, 1978 की संबंधित धाराओं के तहत दर्ज किया गया है।
ट्रैक्टर-ट्रॉली की तलाश में दो टीमें, छापेमारी जारी
वन विभाग ने लकड़ी के कथित अवैध परिवहन में इस्तेमाल ट्रैक्टर-ट्रॉली को पकड़ने के लिए दो टीमें गठित की हैं। टीमें बिसौली और आसपास के इलाकों में संभावित ठिकानों पर तलाश और छापेमारी कर रही हैं।
विभाग का कहना है कि वाहन और संबंधित लोगों का पता लगाकर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले की जांच जारी है।
रिपोर्ट: संतुलित पाठक, बदायूं
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