कैसे बदला सियासी समीकरण? विजय के साथ आए 144 विधायक
तमिलनाडु की टीवीके सरकार ने विधानसभा में फ्लोर टेस्ट पास कर लिया है. विजय के समर्थन में 144 वोट पड़े, जबकि विरोध में केवल 22. वोटिंग के दौरान पांच विधायक गैरहाजिर रहे. डीएमके ने विश्वासमत का बहिष्कार किया.

4पीएम न्यूज नेटवर्क: तमिलनाडु की टीवीके सरकार ने विधानसभा में फ्लोर टेस्ट पास कर लिया है. विजय के समर्थन में 144 वोट पड़े, जबकि विरोध में केवल 22. वोटिंग के दौरान पांच विधायक गैरहाजिर रहे. डीएमके ने विश्वासमत का बहिष्कार किया.
तमिलनाडु की टीवीके सरकार ने विधानसभा में फ्लोर टेस्ट पास कर लिया है. मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के पक्ष में 144 विधायकों ने मतदान किया. 22 विधायकों ने विरोध में वोट किया जबकि वोटिंग के दौरान पांच विधायक अबसेंट रहे. कांग्रेस, वाम दलों और AIADMK के बागी गुटों ने थलपति का समर्थन किया. विश्वास प्रस्ताव के पक्ष में वोट देने वालों में AIADMK के बागी सदस्य भी शामिल थे. वहीं, डीएमके ने विश्वासमत का बहिष्कार किया. विश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान डीएमके ने सदन का वॉकआउट कर दिया.
विजय ने 10 मई को ली CM पद की शपथ
तमिलनाडु में 23 अप्रैल को वोटिंग हुई थी और 4 मई को नतीजे आए थे. जब नतीजे घोषित हुए को विजय की पार्टी
प्रदेश में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी. विजय की पार्टी TVK को 234 में से 108 सीटों पर जीत मिली. विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा 118 का है. विजय को 10 विधायक कम पड़ रहे थे. कांग्रेस, सीपीआई, सीपीएम, VCK और IUML ने विजय को समर्थन दिया.
CM बनने को लेकर 4 बार गवर्नर से मुलाकात
सीएम बनने के लिए विजय को एड़ी चोटी का जोर लगाना पड़ा था. सरकार बनाने को लेकर विजय ने तमिलनाडु के राज्यपाल से करीब चार दफे मुलाकात की. शपथ ग्रहण से एक दिन पहले 9 मई को विजय ने राजभवन पहुंचकर राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर से मुलाकात की और उन्हें 121 विधायकों के समर्थन पत्र सौंपे. इसके बाद राज्यपाल ने विजय को सरकार बनाने का न्योता दिया.
सरकार बनाने में इन दलों ने किया समर्थन
TVK-108 (प्रभावी संख्या 107)
कांग्रेस- 05
CPI-02
CPM-02
VCK-02
IUML-02
AIADMK के बागी गुट ने किया TVK का समर्थन
टीवीके के अलावा DMK को 59, AIADMK को 47 सीटें मिलीं. वहीं, कांग्रेस के खाते में 5 सीटें आईं. विधानसभा चुनाव परिणाम आने के बाद से ही AIADMK दो गुटों में बंटती नजर आ रही थी. विश्वास मत साबित करने से एक दिन पहले AIADMK के एक गुट ने TVK को समर्थन देने का ऐलान कर दिया था. AIADMK के बागी गुट ने टीवीके का समर्थन किया. एस पी वेलुमणि ने कहा कि हम मंत्रालय में किसी पद की मांग नहीं कर रहे हैं. वेलुमणि ने कहा कि जनता के बहुमत ने विजय को मुख्यमंत्री को चुना है इसलिए मेरा गुट उनके साथ है.



