नेचुरल तरीके से बढ़ाएं विटामिन बी-12
डाइट में शामिल करें ये चीजें

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
विटामिन बी-12, जिसे कोबालामिन भी कहा जाता है, हमारे शरीर के लिए एक जरूरी पोषक तत्व है जो रेड ब्लड सेल्स के निर्माण और नर्वस सिस्टम को अच्छे से चलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। अक्सर यह माना जाता है कि विटामिन बी-12 केवल मांसाहारी भोजन में ही पाया जाता है, जिसके कारण शाकाहारी लोगों में इसकी कमी का जोखिम काफी बढ़ जाता है। शरीर में इस विटामिन की कमी से थकान, कमजोरी, याददाश्त में कमी और नसों में झुनझुनी जैसी गंभीर समस्याएं हो सकती हैं। चूंकि हमारा शरीर इस विटामिन को खुद नहीं बना सकता, इसलिए इसे आहार के माध्यम से लेना बहुत जरूरी है। जो लोग शाकाहारी हैं उनके लिए अच्छी बात यह है कि नेचर ने उन्हें कुछ ऐसे विशेष खाद्य पदार्थ प्रदान किए हैं, जो नेचुरल रूप से बी-12 के लेवल को बढ़ाने में काफी मदद करते हैं। सही चुनाव और संतुलित आहार के जरिए आप बिना किसी सप्लीमेंट के इस कमी को पूरा कर सकते हैं और अपने मस्तिष्क व शरीर को एनर्जेटिक बनाए रखने में मदद कर सकते हैं।
मशरूम की ताकत
कुछ शोध बताते हैं कि कुछ प्रकार के मशरूम, विशेषकर शिटाके मशरूम में विटामिन बी-12 की पाई जाती है। साथ ही खमीरयुक्त फूड प्रोडक्ट जैसे इडली, डोसा और किमची भी पाचन तंत्र में गुड बैक्टीरिया बढ़ाकर इस विटामिन के अवशोषण में मदद करते हैं। हालांकि इन चीजों में जिनता विटामिन-बी-12 मिलता है वो नॉन वेज में मिलने वाले विटामिन बी-12 से काफी कम होता है, लेकिन इसके नियमित सेवन से शरीर का पोषण लेवल स्थिर बना रहता है। सूखे शिटाके मशरूम में लगभग 1.3 माइक्रोग्राम बी12 प्रति 100 ग्राम हो सकता है। हमारी रोज की विटामिन बी 12 की जरूरत 2.4 माइक्रोग्राम होती है जो 200 ग्राम सूखा शिटाके मशरूम खाने से पूरी होगी।
टेम्पेह और न्यूट्रिशनल यीस्ट
सोयाबीन से बना टेम्पेह एक ऐसा फर्मेंटेड उत्पाद है जिसमें फर्मेंटेशन प्रक्रिया के दौरान बी-12 का निर्माण होता है। यह सोयाबीन को फर्मेंट कर तैयार किया जाता है। टेम्पेह मुख्य रूप से पारंपरिक इंडोनेशियाई खाने का हिस्सा है। विटामिन-बी12 से भरपूर टेम्पेह, टोफू की तरह का ही होता है। आप इसे स्टीम, बेक या फिर ग्रिल कर खा सकते हैं। वहीं, न्यूट्रिशनल यीस्ट शाकाहारी लोगों के बीच बेहद लोकप्रिय हो रहा है। इसका स्वाद पनीर जैसा होता है और इसे सूप या सलाद पर छिडक़ कर खाया जा सकता है। यह न केवल स्वादिष्ट है, बल्कि विटामिन बी-12 का एक पावर हाउस भी माना जाता है। न्यूट्रिशनल यीस्ट का चीज जैसी स्वाद होने की वजह से कई लोग इसका इस्तेमाल खाने में चीज का स्वाद पाने के लिए भी करते हैं। आप इसका इस्तेमाल शाकाहारी सॉस, मिर्च, करी या यर-पॉप्ड पॉपकॉर्न में कर सकते हैं। ऐसे में अगर आप वेजीटेरियन और वीगन हैं, तो अपने शरीर में विटामिन बी12 की पूर्ति के लिए इसे अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं।
डेयरी उत्पाद और फोर्टिफा
दूध, दही और पनीर विटामिन बी-12 के सबसे सुलभ शाकाहारी स्रोत हैं। एक गिलास दूध या एक कटोरी दही शरीर की दैनिक आवश्यकता का काफी हिस्सा पूरा कर सकती है। इसके अलावा, बाजार में उपलब्ध फोर्टिफाइड सीरियल्स (जैसे कॉर्नफ्लेक्स या ओट्स) एक बेहतरीन विकल्प हैं, जिनमें निर्माण के दौरान विटामिन बी-12 अलग से मिलाया जाता है। यह उन लोगों के लिए कॉफी फायदेमंद हो सकता है जो डेयरी उत्पादों का सेवन कम करते हैं। दही प्रोटीन और कैल्शियम का अच्छा स्रोत है। इसे खरीदते या खाते समय यह ध्यान रखें कि इसमें चीनी न मिली हो। आप इसे बैक्ड आलू या फिर फलों के साथ खा सकते हैं। कुछ प्लांट बेस्ड दूध जैसे सोया मिल्क, आल्मंड मिल्क और ओट्स मिल्क, अक्सर विटामिन बी 12 के साथ फोर्टिफाइड होते हैं। टेम्पेह भी विटामिन बी12 का अच्छा स्त्रोत माना जाता है।
सही चुनाव है जरूरी
विटामिन बी-12 की कमी को दूर करने के लिए केवल सही भोजन खाना काफी नहीं है, बल्कि आपके पेट का स्वास्थ्य भी अच्छा होना चाहिए ताकि शरीर इसे सोख सके। अगर आपको गंभीर लक्षण महसूस हों, तो डॉक्टर से परामर्श कर ब्लड टेस्ट जरूर कराएं, डॉक्टर आपको सप्लीमेंट खाने के लिए दे सकते हैं। इन सब से साथ एक चीज जो बहुत जरूरी है कि अपनी डाइट में विविधता लाएं ये शरीर के पोषक तत्वों को बनाए रखने का सबसे शानदार तरीका है।



