तालाब किनारे मिली लाश ने खोले कई राज, पुलिस को मिला चौंकाने वाला सुराग
सीतापुर के रामपुर मथुरा क्षेत्र में तालाब किनारे मिली अज्ञात युवती की लाश मामले में नया खुलासा हुआ है। पुलिस को आशंका है कि हत्या कहीं और की गई और शव यहां लाकर फेंका गया। क्राइम ब्रांच कई संदिग्धों से पूछताछ कर रही है।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: रामपुर मथुरा क्षेत्र में तालाब किनारे मिली एक अज्ञात युवती की रक्तरंजित लाश ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। शुरुआती जांच में यह मामला सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि सुनियोजित साजिश की ओर इशारा कर रहा है। पुलिस और क्राइम ब्रांच की जांच में अब तक जो तथ्य सामने आए हैं, उनसे यह आशंका मजबूत हुई है कि युवती की हत्या किसी अन्य स्थान पर की गई और पहचान छिपाने के उद्देश्य से शव को रामपुर मथुरा क्षेत्र में लाकर फेंक दिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की कई टीमें लगातार जांच में जुटी हैं। वहीं मृतका की पहचान अब तक न होने के कारण शव को 72 घंटे के लिए सुरक्षित रखा गया है।
तालाब किनारे मिली थी खून से लथपथ लाश
मामला रामपुर मथुरा थाना क्षेत्र की बाँसुरा चौकी के अंतर्गत सरैया मसूदपुर गांव के पास का है। यहां बांसुरा-गुडैचा मार्ग पर स्थित तालाब के किनारे झाड़ियों में एक युवती का रक्तरंजित शव बरामद हुआ था। स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। युवती के गले पर गहरे घाव के निशान मिले, जिससे हत्या की आशंका और मजबूत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
हत्या कहीं और, शव यहां लाकर फेंका गया?
जांच में जुटी क्राइम ब्रांच और पुलिस टीमों को मिले शुरुआती इनपुट के आधार पर यह संभावना जताई जा रही है कि वारदात का वास्तविक घटनास्थल कोई और है। जांच अधिकारियों का मानना है कि अपराधियों ने हत्या के बाद शव को छिपाने और जांच को भटकाने के लिए सुनसान स्थान का चयन किया। सूत्रों के अनुसार घटनास्थल पर मिले साक्ष्य और परिस्थितियां भी इस ओर संकेत कर रही हैं कि शव को बाहर से लाकर यहां फेंका गया था।
नेटवर्क खंगाल रही क्राइम ब्रांच
मृतका की पहचान और आरोपियों तक पहुंचने के लिए क्राइम ब्रांच तकनीकी जांच का सहारा ले रही है। बीटीएस डेटा, मोबाइल फोन कॉल डिटेल, लोकेशन ट्रैकिंग और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच की जा रही है। जांच एजेंसियों ने कुछ संदिग्ध व्यक्तियों को चिन्हित किया है, जिनसे पूछताछ जारी है। पुलिस का मानना है कि तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जल्द ही मामले में महत्वपूर्ण सुराग मिल सकते हैं।
72 घंटे तक सुरक्षित रखा जाएगा शव
चूंकि मृतका की पहचान अभी तक नहीं हो सकी है, इसलिए पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम हाउस में 72 घंटे तक सुरक्षित रखने का निर्णय लिया है। इस दौरान आसपास के जिलों और थानों से भी संपर्क किया जा रहा है ताकि किसी गुमशुदगी की रिपोर्ट का मिलान किया जा सके। पुलिस सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से भी पहचान सुनिश्चित करने का प्रयास कर रही है।
एसपी ने रात में किया घटनास्थल का निरीक्षण
युवती का शव मिलने की सूचना के बाद पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल देर रात स्वयं घटनास्थल पहुंचे। उन्होंने क्राइम सीन का बारीकी से निरीक्षण किया और जांच अधिकारियों से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। इस दौरान क्षेत्राधिकारी महमूदाबाद वेद प्रकाश श्रीवास्तव और थाना प्रभारी श्यामू कनौजिया भी मौजूद रहे। पुलिस अधीक्षक ने जांच में तेजी लाने और सभी पहलुओं पर गहनता से काम करने के निर्देश दिए।
चार टीमें कर रहीं जांच
पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले के खुलासे के लिए चार अलग-अलग टीमों का गठन किया गया है। ये टीमें तकनीकी साक्ष्यों, स्थानीय सूचनाओं और संभावित संदिग्धों के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही हैं। क्षेत्राधिकारी वेद प्रकाश श्रीवास्तव का कहना है कि पुलिस हर पहलू पर गंभीरता से काम कर रही है और जल्द ही मामले का खुलासा किए जाने की उम्मीद है।
रिपोर्ट -वली चौधरी
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