मिर्जापुर में मुख्यमंत्री के दौरे से पहले करणी सेना पदाधिकारियों को घर पर रोके जाने का दावा, प्रशासन ने घर से ही लिया ज्ञापन
मिर्जापुर में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दौरे के दौरान करणी सेना ने आरोप लगाया कि उनके पदाधिकारियों को घर से बाहर नहीं निकलने दिया गया। संगठन का दावा है कि प्रशासन ने उनके निवास पर पहुंचकर ही ज्ञापन लिया। आरोपों पर प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मिर्जापुर दौरे के दौरान करणी सेना के जिला अध्यक्ष दिलीप सिंह गहरवार और उनके समर्थकों को कथित तौर पर घर से बाहर न निकलने देने का मामला चर्चा में है। संगठन का आरोप है कि प्रशासन ने उन्हें मुख्यमंत्री से मुलाकात कर भ्रष्टाचार और जनसमस्याओं से जुड़ा ज्ञापन सौंपने से रोक दिया। हालांकि, प्रशासन की ओर से इस संबंध में कोई विस्तृत आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
भ्रष्टाचार और जनसमस्याओं को लेकर सौंपना था ज्ञापन
करणी सेना के जिला अध्यक्ष दिलीप सिंह गहरवार का दावा है कि उन्होंने जिले की जर्जर सड़कों, नटवा ओवरब्रिज के नीचे जलभराव और स्वास्थ्य विभाग में कथित वित्तीय अनियमितताओं समेत कई मुद्दों पर मुख्यमंत्री को ज्ञापन देने की योजना बनाई थी। संगठन का कहना है कि इसके लिए पहले से तैयारी भी की गई थी।
घर पर ही लिया गया मांग पत्र
संगठन के अनुसार, मुख्यमंत्री के आगमन से पहले पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी उनके निवास पर पहुंचे और वहीं ज्ञापन प्राप्त किया। करणी सेना का आरोप है कि उन्हें और उनके साथियों को मुख्यमंत्री के कार्यक्रम समाप्त होने तक घर से बाहर नहीं जाने दिया गया।
प्रशासन की प्रतिक्रिया का इंतजार
समाचार लिखे जाने तक जिला प्रशासन की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण जारी नहीं किया गया था। यह भी स्पष्ट नहीं हो सका है कि सुरक्षा व्यवस्था के तहत यह कदम उठाया गया या किसी अन्य प्रशासनिक कारण से। फिलहाल, यह मामला स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है। प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया और आगे की जानकारी के बाद ही पूरे घटनाक्रम की स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।
रिपोर्ट – संतोष देव गिरी
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