सीतापुर: शव रखकर धरने पर बैठे सांसद, एफआईआर तक अंतिम संस्कार से इनकार
सीतापुर में फॉलोअर शैलेन्द्र पाल की संदिग्ध मौत के बाद सांसद राकेश राठौर शव के साथ धरने पर बैठ गए। उन्होंने एफआईआर दर्ज होने तक अंतिम संस्कार से इनकार किया। प्रशासन मामले की जांच में जुटा है।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: एपीटीसी कमांडेंट के सरकारी आवास पर कार्यरत फॉलोअर शैलेन्द्र पाल की संदिग्ध मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। पोस्टमार्टम के बाद बुधवार देर रात शव गांव पहुंचा तो सांसद राकेश राठौर पीड़ित परिवार के साथ धरने पर बैठ गए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जब तक आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज नहीं होगी, तब तक अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा।
बारिश में पूरी रात डटे रहे परिजन और समर्थक
धरना स्थल पर तेज बारिश के बावजूद परिजन, ग्रामीण और कांग्रेस कार्यकर्ता पूरी रात मौजूद रहे। देर रात एएसपी उत्तरी आलोक सिंह, सीओ सिटी कपूर कुमार और एसडीएम सदर जनार्दन कुमार ने मौके पर पहुंचकर परिजनों और सांसद से बातचीत की, लेकिन कोई सहमति नहीं बन सकी। प्रशासन ने अंतिम संस्कार कराने का अनुरोध किया, जबकि धरना दे रहे लोगों की मांग नामजद एफआईआर दर्ज कर तत्काल कार्रवाई की रही।
परिजनों ने प्रताड़ना का लगाया आरोप
परिजनों का आरोप है कि चोरी के संदेह में शैलेन्द्र पाल को दो दिनों तक एक कमरे में बंद रखकर मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया गया। उनका दावा है कि रुपये की मांग और उत्पीड़न से आहत होकर उन्होंने विषाक्त पदार्थ का सेवन किया। उपचार के लिए लखनऊ ले जाते समय रास्ते में उनकी मौत हो गई। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
उच्चस्तरीय जांच और कार्रवाई की मांग
दिल्ली में चल रहे संसदीय सत्र से सीतापुर पहुंचे सांसद राकेश राठौर ने मामले की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच, दोषियों की गिरफ्तारी, पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता और सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की। वहीं प्रशासन का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और रिपोर्ट के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी.
रिपोर्ट – अमरेंद्र पांडेय, गोरखपुर
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