8 साल से नहीं सुलझा गोरखपुर स्टेशन रोड का जाम, रोडवेज बसों पर उठे बड़े सवाल

गोरखपुर स्टेशन रोड पर रोडवेज बसों के ठहराव से आठ साल से जाम की समस्या बनी है। यात्रियों की ट्रेन छूटने तक की नौबत आती है। स्थानीय लोगों ने स्थायी समाधान की मांग की है।

4पीएम न्यूज नेटवर्कः गोरखपुर रेलवे स्टेशन पहुंचने वाली सड़क पर जाम अब महज कुछ मिनटों की परेशानी नहीं रह गया है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, गोरखपुर डिपो की रोडवेज बसों के बेतरतीब ठहराव और संचालन के कारण रेलवे स्टेशन रोड पर पिछले करीब आठ वर्षों से यातायात प्रभावित है। हालात ऐसे बन जाते हैं कि जाम में फंसकर यात्रियों की ट्रेन छूटने तक की नौबत आ जाती है।

बसों की कतार से सिकुड़ जाती है सड़क

स्थानीय लोगों का आरोप है कि स्टेशन रोड पर रोडवेज बसों के खड़े होने से सड़क का बड़ा हिस्सा घिर जाता है। बसों के आवागमन और ठहराव के बीच अन्य वाहनों की आवाजाही प्रभावित होती है और धीरे-धीरे वाहनों की लंबी कतार लग जाती है।

यात्रियों के लिए परेशानी तब और बढ़ जाती है, जब ट्रेन का समय नजदीक हो। जाम के कारण स्टेशन तक पहुंचने में लगने वाला समय अनिश्चित हो जाता है।

अधिकारियों को शिकायत, फिर भी समाधान नहीं

लोगों का कहना है कि मंडलायुक्त, जिलाधिकारी और यातायात विभाग के अधिकारियों से कई बार शिकायत की गई, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं निकल पाया। खास बात यह है कि गोरखपुर डिपो के पास ही जिलाधिकारी कार्यालय स्थित है। इसके बावजूद प्रमुख सड़क पर रोजाना जाम की स्थिति बने रहने पर लोग प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल उठा रहे हैं।

यातायात पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी स्थानीय लोगों में नाराजगी है। उनका कहना है कि जाम की मूल वजह दूर करने के बजाय अक्सर छोटे वाहनों के चालान पर अधिक जोर दिखाई देता है।

‘ऑटो को बदनाम किया जाता है’

गोरखपुर टैक्सी ऑटो चालक कल्याण समिति के अध्यक्ष प्रमोद कुमार सिंह ने कहा कि स्टेशन रोड पर लगने वाले जाम के लिए केवल ऑटो चालकों को जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं है। उनके मुताबिक, रोडवेज बसों की लंबी कतार के कारण भी सड़क पर यातायात बाधित होता है।

स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन और रोडवेज विभाग से बसों के ठहराव के लिए स्पष्ट व्यवस्था, अतिक्रमण हटाने और पीक आवर में विशेष यातायात प्रबंधन की मांग की है। अब सवाल यही है कि आठ साल पुरानी इस समस्या का स्थायी समाधान कब होगा?

रिपोर्ट –  अमरेंद्र पांडेय, गोरखपुर

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