कानपुर में 40 लाख की ठगी! मर्चेंट नेवी के चीफ इंजीनियर को बनाया शिकार, पैसे मांगने पर धमकी
कानपुर में मर्चेंट नेवी के चीफ इंजीनियर से 40 लाख की ठगी का मामला सामने आया है। आरोपियों ने भरोसा जीतकर पैसे लिए और वापस मांगने पर धमकी दी। पीड़ित परिवार ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन डर का माहौल बना हुआ है।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: कानपुर में ठगी का एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने भरोसे और रिश्तों दोनों को झकझोर कर रख दिया है। मर्चेंट नेवी में चीफ इंजीनियर ब्रजेश द्विवेदी से 40 लाख रुपये की ठगी कर ली गई। यह रकम उनकी बेटी की शादी के लिए जमा की गई थी। आरोप है कि पैसे मांगने पर अब आरोपी दंपति उल्टा धमकी दे रहे हैं, जिससे पीड़ित परिवार दहशत में है।
कैसे बना भरोसा और कैसे हुई ठगी?
पूरा मामला पनकी थाना क्षेत्र के पैराडाइज ग्रीन अपार्टमेंट (सी ब्लॉक) का है।
यहां रहने वाले ब्रजेश द्विवेदी अक्सर नौकरी के चलते विदेश में रहते हैं। इसी दौरान उनके पड़ोसी नीतू शर्मा और नितिन शर्मा ने परिवार से नजदीकियां बढ़ाईं। धीरे-धीरे उन्होंने पारिवारिक संबंध मजबूत किए और फिर अपनी परेशानी बताकर 40 लाख रुपये उधार ले लिए।
RTGS से दिया गया पैसा, बदले में मिले बाउंस चेक
पीड़िता शालिनी द्विवेदी के मुताबिक, पूरा पैसा RTGS के जरिए दिया गया था। बाद में जब पैसे वापस मांगे गए, तो आरोपियों ने 20-20 लाख के दो चेक दिए। लेकिन जब ये चेक बैंक में लगाए गए, तो भुगतान नहीं हुआ। इसके बाद आरोपियों ने पैसे देने से साफ इनकार कर दिया।
पैसे मांगने पर धमकी, परिवार में डर का माहौल
शालिनी द्विवेदी का कहना है कि आरोपी अब उन्हें और उनके परिवार को जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। चूंकि वह घर पर अकेली रहती हैं, इसलिए उन्हें किसी बड़े हादसे का डर सता रहा है। पीड़िता का आरोप है कि यह सिर्फ एक मामला नहीं, बल्कि एक संगठित गिरोह का हिस्सा हो सकता है, जो शहर में कई लोगों को इसी तरह निशाना बना चुका है।
पुलिस में मामला दर्ज, लेकिन कार्रवाई का इंतजार
इस मामले में पुलिस में शिकायत दर्ज कराई जा चुकी है। हालांकि, पीड़ित परिवार का कहना है कि अब तक ठोस कार्रवाई नहीं हुई है और आरोपी लगातार दबाव बना रहे हैं।
बढ़ते फ्रॉड के बीच सतर्क रहने की जरूरत
यह मामला बताता है कि आजकल ठगी के तरीके कितने बदल गए हैं। अब अपराधी सिर्फ फोन या ऑनलाइन ही नहीं, बल्कि रिश्तों और भरोसे का सहारा लेकर भी लोगों को निशाना बना रहे हैं।
कानपुर का यह मामला सिर्फ एक ठगी की घटना नहीं, बल्कि एक चेतावनी है। बिना ठोस भरोसे और कानूनी सुरक्षा के बड़ी रकम देना कितना खतरनाक हो सकता है, यह इस घटना से साफ होता है। अब देखना होगा कि पुलिस इस मामले में कितनी जल्दी और सख्त कार्रवाई करती है, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके।
रिपोर्ट- प्रांजुल मिश्रा
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