बोरवेल बना मौत का कुआं! साथी को बचाने उतरा युवक भी नहीं लौट सका

बांदा के बिसंडा क्षेत्र के अजीतपारा गांव में बोरवेल में जहरीली गैस से दो लोगों की मौत हो गई। पंप ठीक करने उतरे व्यक्ति को बचाने गया साथी भी गैस की चपेट में आ गया।

बांदा के बिसंडा थाना क्षेत्र के अजीतपारा गांव में बोरवेल की सफाई और मरम्मत के दौरान दर्दनाक हादसा हो गया। पंप ठीक करने के लिए बोरवेल में उतरे एक व्यक्ति की जहरीली गैस की चपेट में आने से हालत बिगड़ गई। उसे बचाने के लिए नीचे उतरा दूसरा व्यक्ति भी गैस की चपेट में आ गया। दोनों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।

पंप ठीक करने बोरवेल में उतरा था युवक

जानकारी के मुताबिक, बोरवेल में पंप ठीक करने के लिए एक व्यक्ति अंदर गया था। कुछ देर बाद जहरीली गैस के प्रभाव में वह बेहोश हो गया। उसे मुश्किल में देखकर उसका साथी बचाने के लिए बोरवेल में उतर गया, लेकिन वह भी जहरीली गैस की चपेट में आकर बेहोश हो गया।

घटना के बाद ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। सूचना पुलिस को दी गई, जिसके बाद राहत और बचाव टीम मौके पर पहुंची।

ऑक्सीजन सिलेंडर की मदद से दोनों को निकाला

पुलिस और फायर सर्विस की टीम ने स्थिति को देखते हुए ऑक्सीजन सिलेंडर की मदद से बचाव अभियान चलाया। दोनों को बोरवेल से बाहर निकालने के बाद तत्काल अस्पताल ले जाया गया।

हालांकि, डॉक्टरों ने जांच के बाद दोनों को मृत घोषित कर दिया। हादसे की जानकारी मिलते ही गांव में मातम पसर गया और परिवारों में चीख-पुकार मच गई।

पुलिस जांच में जुटी, जहरीली गैस की होगी पड़ताल

हादसे की सूचना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। क्षेत्राधिकारी कृष्णकांत त्रिपाठी के अनुसार, घटना के कारणों और बोरवेल में मौजूद गैस के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है।

बोरवेल जैसे बंद और गहरे स्थानों में ऑक्सीजन की कमी या जहरीली गैस का खतरा गंभीर हो सकता है। ऐसे स्थान में बिना सुरक्षा उपकरण और विशेषज्ञ सहायता के उतरना जानलेवा साबित हो सकता है।

रिपोर्ट – इक़बाल खान, बांदा

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