रात में पुलिस छावनी बना सपा विधायक अमिताभ बाजपेई का घर! कानपुर में बढ़ा सियासी पारा
कानपुर में सपा विधायक अमिताभ बाजपेई के घर के बाहर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। परमट स्कूल शिलान्यास से पहले पुलिस ने बैरिकेडिंग कर दी, जिसकी तस्वीरें विधायक ने सोशल मीडिया पर साझा कर राजनीतिक माहौल गर्मा दिया।

4पीएम न्यूज नेटवर्क: कानपुर की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी के विधायक अमिताभ बाजपेई के घर के बाहर देर रात भारी पुलिस बल तैनात किए जाने के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया। विधायक के आवास के आसपास बैरिकेडिंग कर दी गई और आने-जाने वाले रास्तों पर पुलिस का कड़ा पहरा देखने को मिला। इस पूरे घटनाक्रम की तस्वीरें खुद विधायक अमिताभ बाजपेई ने सोशल मीडिया पर साझा कीं, जिसके बाद मामला तेजी से चर्चा में आ गया। सपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों के बीच इसे लेकर नाराजगी भी देखी जा रही है।

शिलान्यास कार्यक्रम से पहले बढ़ा तनाव
जानकारी के मुताबिक शुक्रवार को परमट स्थित एक सरकारी स्कूल के शिलान्यास कार्यक्रम को लेकर पहले से ही राजनीतिक तनातनी चल रही थी। इसी बीच रात में विधायक के घर के बाहर अचानक बढ़ी पुलिस गतिविधि ने विवाद को और हवा दे दी। स्थानीय लोगों के अनुसार पुलिस ने विधायक आवास के बाहर बैरिकेडिंग लगाकर आवाजाही को नियंत्रित किया। देर रात तक पुलिसकर्मी मौके पर तैनात रहे।
सोशल मीडिया पर साझा की तस्वीरें
विधायक अमिताभ बाजपेई ने पुलिस तैनाती की तस्वीरें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा करते हुए सवाल खड़े किए। तस्वीरों में उनके घर के बाहर पुलिस बल और बैरिकेडिंग साफ दिखाई दे रही है। इसके बाद समर्थकों ने भी सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देना शुरू कर दिया। कई लोगों ने इसे राजनीतिक दबाव बताया, जबकि कुछ ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासनिक कदम बताया।

पहले भी हो चुका है विवाद
परमट स्थित सरकारी स्कूल के शिलान्यास को लेकर हाल के दिनों में सपा और बीजेपी के बीच तनातनी बढ़ चुकी है। इससे पहले भी दोनों दलों के कार्यकर्ता आमने-सामने आ चुके हैं और नारेबाजी व विरोध प्रदर्शन की स्थिति बन चुकी है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि स्कूल शिलान्यास का मुद्दा अब स्थानीय राजनीति में प्रतिष्ठा की लड़ाई बनता जा रहा है। यही वजह है कि प्रशासन भी किसी संभावित विवाद को रोकने के लिए सतर्क दिखाई दे रहा है।
पुलिस की भूमिका पर उठ रहे सवाल
हालांकि पुलिस प्रशासन की ओर से अभी तक इस पूरे मामले पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन देर रात विधायक आवास के बाहर की गई बैरिकेडिंग और सुरक्षा व्यवस्था अब राजनीतिक चर्चा का विषय बन चुकी है। सपा समर्थकों का कहना है कि लोकतांत्रिक तरीके से कार्यक्रम करने से पहले ही इस तरह की पुलिस कार्रवाई कई सवाल खड़े करती है। वहीं प्रशासनिक सूत्रों का कहना है कि यह कदम केवल एहतियात के तौर पर उठाया गया।

कानपुर की राजनीति में बढ़ती गर्मी
कानपुर में पिछले कुछ दिनों से राजनीतिक माहौल लगातार गर्म बना हुआ है। विकास परियोजनाओं और शिलान्यास कार्यक्रमों को लेकर सियासी दलों के बीच बढ़ती टकराहट अब सड़क से सोशल मीडिया तक दिखाई देने लगी है। फिलहाल सभी की नजर शुक्रवार को होने वाले शिलान्यास कार्यक्रम पर टिकी है। यह देखना अहम होगा कि प्रशासन और राजनीतिक दल इस तनावपूर्ण माहौल को कैसे संभालते हैं।
रिपोर्ट – प्रांजुल मिश्रा
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