ईवीएम कब्जे में लेकर निर्णय को बदलना चाहती है बीजेपी: राउत

- पश्चिम बंगाल चुनाव पर बोले शिवसेना यूबीटी नेता
4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
मुंबई। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी पारा चढ़ा हुआ है। चुनाव खत्म होने और नतीजों से पहले सामने आए ज्यादातर एग्जिट पोल के आंकड़ों में बीजेपी को बढ़त मिलने का अनुमान जताया गया है। इस पर अब उद्धव ठाकरे गुट के राज्यसभा सांसद संजय राउत की प्रतिक्रिया सामने आई है। पश्चिम बंगाल चुनाव खत्म होने के बाद भी वहां परसीआरपीएफ की 500 कंपनियां तैनात रहेंगी।
इस पर संजय राउत ने कहा, चुनाव में तो 2.5 लाख पैरा मिलिट्री फोर्स को तो पहले ही लाया है, अगर 700 कंपनियां लाया है तो इसका मतलब ये है कि जो निर्णय ममता दीदी के फेवर में आएगा। सरकार वो मानने को तैयार नहीं है जोर जबरदस्ती से ईवीएम कब्जे में लेकर निर्णय को बदलना चाहती है। मीडिया के सवालों पर संजय राउत ने कहा, कोई उलटफेर नहीं है। पश्चिम बंगाल में ममता दीदी भारी बहुमत से जीत रही हैं, केरल में कांग्रेस के नेतृत्व में जो फ्रंट बना है वो जीत रहा है, तमिलनाडु में एमके स्टालिन की लीडरशिप में डीएमके जीत रही है। असम में कांटे की टक्कर है। पुदुचेरी में कांग्रेस गठबंधन जीत रहा है, यही एग्जिट पोल समझ लीजिए। बता दें कि 294 सीटों वाले पश्चिम बंगाल में दो चरणों में चुनाव हुए, पहले चरण का मतदान 23 अप्रैल और दूसरे चरण का मतदान 29 अप्रैल को हुआ, 4 मई को आने वाले नतीजों से पहले कई एग्जिट पोल सामने आए हैं, बंगाल में सरकार बनाने के लिए बहुमत का जादुई आंकड़ा 148 है। वहीं शिवसेना यूबीटी ने 12 मई को होने वाले महाराष्ट्र विधानसभा परिषद चुनाव में पूर्व नेता प्रतिपक्ष अंबादास दानवे को उम्मीदवार घोषित किया है। इस ऐलान कि बाद महा विकास अघाड़ी में दरारें उभर आई हैं। कांग्रेस ने घोषणा की है कि वह चुनाव में अपना उम्मीदवार उतारेगी खासकर तब जब शिवसेना यूबीटी अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने 13 मई को उच्च सदन में अपना वर्तमान कार्यकाल समाप्त होने के बाद चुनाव से हटने का फैसला किया है।



