चैतर वसावा ने मोदी की रैली पर उठाए सवाल, कहा- 2000 बसों के जुटाई भीड़
चैतर वसावा ने नरेंद्र मोदी की रैली को लेकर बड़ा दावा किया है... उन्होंने आरोप लगाया कि भीड़ जुटाने के लिए हजारों बसों का इस्तेमाल किया गया...

4पीएम न्यूज नेटवर्कः आम आदमी पार्टी के विधायक और आदिवासी नेता.. चैतर वसावा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया गुजरात दौरे पर गंभीर आरोप लगाए हैं.. वसावा ने दावा किया कि मोदी जी के कार्यक्रम में भीड़ जुटाने के लिए करीब 2000 बसों का इस्तेमाल किया गया.. जिसमें जनता के टैक्स के करोड़ों रुपये खर्च हुए.. इसके बावजूद कार्यक्रम स्थल पर कुर्सियां खाली रहीं.. जो भाजपा के घटते समर्थन का साफ संकेत है.. चैतर वसावा ने कहा कि गुजरात की जनता अब बदलाव चाहती है.. और 2027 के विधानसभा चुनाव में भ्रष्ट भाजपा को सत्ता से बाहर कर सकती है.. और उन्होंने भाजपा पर तानाशाही रवैया अपनाने का भी आरोप लगाया.. और चेतावनी दी कि यह ज्यादा समय तक नहीं चलने वाला है..
आपको बता दें कि चैतर वसावा ने अपने बयान में कहा कि पीएम मोदी गुजरात के अपने गृह राज्य में आए थे.. लेकिन असली जनसमर्थन दिखाने के बजाय सरकारी तंत्र का दुरुपयोग किया गया.. और उन्होंने आरोप लगाया कि बसों से हजारों लोगों को मजबूरन लाया गया.. स्कूलों, कॉलेजों और सरकारी विभागों से लोगों को कार्यक्रम में भेजा गया.. इससे सरकारी काम प्रभावित हुए.. और टैक्सपेयर का पैसा बर्बाद हुआ.. वसावा ने कहा कि 2000 बसों का किराया, डीजल.. और अन्य खर्च मिलाकर करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ.. फिर भी मंच के सामने कई कुर्सियां खाली दिखीं.. यह तस्वीर भाजपा के लिए चेतावनी है कि.. जनता अब पुरानी राजनीति से तंग आ चुकी है..
चैतर वसावा ने आगे कहा कि भाजपा 30 साल से गुजरात में सत्ता में है.. विकास के नाम पर सिर्फ दिखावा किया गया.. सड़कें टूट जाती हैं.. भ्रष्टाचार चरम पर है.. किसान परेशान हैं.. युवा बेरोजगार हैं.. और महिलाएं सुरक्षा की कमी महसूस कर रही हैं.. उन्होंने दावा किया कि मोदी जी के कार्यक्रम में भीड़ जुटाने के लिए सरकारी मशीनरी का इस्तेमाल करना तानाशाही का सबूत है.. असली लोकप्रिय नेता को भीड़ जुटाने के लिए बसों की जरूरत नहीं पड़ती.. जनता स्वयं आती है.. लेकिन यहां मजबूरी में लोग लाए गए.. फिर भी कुर्सियां खाली रहीं.. यह घटते समर्थन का प्रमाण है.. कि मोदी की लोकप्रियता खत्म हो रही है.. बुलाने के बाद भी जनता रैलिय़ों में नहीं आ रही है..
चैतर वसावा ने 2027 के विधानसभा चुनाव का जिक्र करते हुए कहा कि गुजरात की जनता बदलाव के मूड में है.. स्थानीय निकाय चुनावों में भाजपा को पहले ही चुनौती मिल रही है.. आम आदमी पार्टी अकेले चुनाव लड़ रही है.. और मजबूत प्रदर्शन कर रही है.. कांग्रेस भी सक्रिय है.. वसावा ने कहा कि भ्रष्ट भाजपा को अब जनता जवाब देगी.. 2027 में भाजपा का सफाया हो जाएगा.. और उन्होंने भाजपा पर तानाशाही का आरोप लगाया.. बोले कि भाजपा विरोधी आवाजों को दबाने की कोशिश कर रही है.. लेकिन यह रवैया ज्यादा दिन नहीं चलेगा.. अब जनता जाग चुकी है..
वहीं यह बयान पीएम मोदी के गुजरात दौरे के ठीक बाद आया.. मोदी जी ने सनंद और अन्य जगहों पर कार्यक्रम किए.. विकास परियोजनाओं का उद्घाटन किया.. और जनसभा को संबोधित किया.. लेकिन चैतर वसावा जैसे विपक्षी नेताओं ने फोकस भीड़ पर कर दिया.. उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में शिक्षकों और छात्रों को भी अनिवार्य रूप से बुलाया गया था.. इससे पढ़ाई प्रभावित हुई.. जनता के टैक्स का पैसा बसों और अन्य व्यवस्था पर खर्च हुआ.. फिर भी खाली कुर्सियां दिखीं.. यह तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है..
आपको बता दें कि चैतर वसावा आप के प्रमुख आदिवासी चेहरों में से एक हैं.. वे नर्मदा जिले के देदियापाड़ा क्षेत्र से विधायक हैं.. उन्होंने आदिवासी समुदाय की समस्याओं को लगातार उठाया है.. पानी, बिजली, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे मुद्दों पर भाजपा सरकार की आलोचना की है.. इस बार उन्होंने पीएम मोदी के दौरे को निशाना बनाकर बड़ा राजनीतिक मुद्दा खड़ा किया.. उनका बयान गुजरात की राजनीति में चर्चा का विषय बन गया है..
विपक्षी दलों ने वसावा के आरोपों का समर्थन किया.. कांग्रेस ने कहा कि भाजपा अब जनता पर भरोसा नहीं कर रही.. इसलिए सरकारी बसों और कर्मचारियों का इस्तेमाल कर रही है.. आम आदमी पार्टी ने भी इसे सही ठहराया.. पार्टी के नेता कहते हैं कि असली बदलाव 2027 में आएगा.. गुजरात में आप की सभाएं जोर-शोर से चल रही हैं.. अमरेली, दाहोद, जामनगर और अब सुरेंद्रनगर में भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाई जा रही है..
भाजपा की ओर से अभी तक इस बयान पर कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है.. लेकिन स्थानीय भाजपा नेता कहते हैं कि वसावा का आरोप राजनीतिक है.. पीएम मोदी के कार्यक्रम में स्वाभाविक भीड़ जुटती है.. बसों का इस्तेमाल सामान्य व्यवस्था के लिए होता है.. और भाजपा का दावा करती है कि गुजरात में विकास हुआ है.. सड़कें, बिजली, पानी और उद्योगों में प्रगति हुई है.. 2027 में फिर भाजपा की सरकार बनेगी.. लेकिन जनता का मूड देखकर ऐसा लगता है कि बीजेपी के सफाया का समय आ गया है.. और जनता ने भी बीजेपी को सत्ता से बाहर करने का मन बना लिया है..
बता दें कि गुजरात में स्थानीय निकाय चुनाव नजदीक हैं.. 15 नगर निगमों और 383 अन्य निकायों के चुनाव अप्रैल-मई में होने वाले हैं.. ये चुनाव 2027 के विधानसभा चुनाव के लिए सेमीफाइनल माने जा रहे हैं.. कांग्रेस ने भाजपा के खिलाफ चार्जशीट जारी की है.. भ्रष्टाचार, सड़कें, जलभराव और अनियोजित निर्माण पर आरोप लगाए हैं.. आप ने 460 उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है.. चैतर वसावा का बयान इसी चुनावी माहौल में आया है..
चैतर वसावा ने कहा कि भाजपा की तानाशाही ज्यादा दिन नहीं चलेगी.. उन्होंने आरोप लगाया कि विरोधी आवाजों को दबाया जा रहा है.. कई आप नेताओं और कार्यकर्ताओं पर केस दर्ज किए गए हैं.. लेकिन जनता इन सबसे नहीं डरती.. वे बदलाव चाहती है.. वसावा ने गुजरात की जनता से अपील की कि वे स्थानीय चुनावों में भाजपा को सबक सिखाएं.. फिर 2027 में पूर्ण बदलाव होगा..



